फतेहपुर। निचली गंगा और रामगंगा नहर के सहारे खेती करने वाले किसानों को अब फसलों की सिंचाई के लिए पानी की दिक्कत नहीं होगी। रोस्टर खत्म होने के बाद भी नहर में पानी रहेगा और किसान फसलों की सिंचाई कर सकेंगे। ऐसे में किसानों की फसलें सिंचाई के अभाव में खराब नहीं होंगी। धान की रोपाई करने के लिए लंबे अर्से से पानी का इंतजार कर रहे किसानों को 30 जून से पानी मिलेगा।
रोस्टर के पहले चरण में एक सप्ताह निचली गंगा नहर में 920 क्यूसेक पानी चलेगा। उसके बाद एक सप्ताह रामगंगा नहर से सिंचाई करने वाले किसानों को पानी मिलेगा। इस दौरान जिस नहर का रोस्टर नहीं रहेगा, उसमें भी पानी दिया जाएगा। ताकि किसानों को फसलों की सिंचाई में दिक्कत न हो। एक-एक सप्ताह दोनों नहरों में पानी चलने के बाद 15-15 दिन का रोस्टर रहेगा। बता दें कि रबी फसल के सीजन में मार्च के महीना से नहर का पानी बंद है। निचली गंगा नहर के अधिशासी अभियंता जेपी वर्मा ने बताया कि रोस्टर खत्म होने के बाद नहर को पूरा पानी नहीं किया जाएगा। जिस नहर का रोस्टर होगा। उसमें अधिक पानी चलेगा और दूसरी नहर में पानी की क्षमता कर दी जाएगी। इससे नहर में बराबर पानी चलता रहेगा। टेल तक के किसानों को सिंचाई का पानी मिल सकेगा।