फतेहपुर/जाफरगंज। आयकर विभाग में तैनात सहायक आयुक्त सुधाकर शुक्ला के घर में लूट की वारदात करने से पहले बदमाशों ने मास्टर प्लान तैयार किया था। बदमाशों ने मकान की कुछ दिनों तक रेकी की और घर आने-जाने वालों पर नजर रखी। सहायक आयुक्त के पिता गौरीदत्त शुक्ला उर्फ लल्लन और उनकी पत्नी पत्नी कुसुमलता चूंकि घर में अकेले रहते थे इसलिए एक बदमाश इनकी नजर से बचकर शाम को ही घर में दाखिल हो गया और संभवत: जीने के नीचे छिपकर बैठ गया। जब पति-पत्नी दोनों सो गए तब उसने अन्य को भी अंदर बुलाया और वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस की गिरफ्त में आए बदमाश पिंकू पुत्र मुकीम निवासी छोटी बजरिया जहानाबाद ने बताया कि रात करीब 11 बजे जब दंपति अलग-अलग जगहों पर सो गए तो उसने अन्य साथियों को मुख्य गेट की कुंडी खोलकर अंदर बुला लिया। उसके साथ राजा निवासी जहानाबाद, लालाराम निवासी मेहापाटी भी थे। वारदात करने से पहले उन लोगों ने भागने का रास्ता तलाश किया। वह लोग सीधा छत पर गए और दक्षिण दिशा को भागने के लिए चुना। छत की बाउंड्री तोड़ी, क्योंकि यहां से कूदने पर शौचालय की छत थी।
पिंकू ने बताया कि वह लोग मदुरी बाजार से आ रही पिकअप में सवार होकर सुल्तानगढ़ तक आए थे। गांव में सभी उतर गए थे। इसके बाद वह गौरीदत्त के घर में जाकर तब छिप गया जब वह मवेशियों को चारा पानी कर रहे थे। ऐसी हिम्मत इसलिए दिखाई थी कि अगर कोई देखेगा तो कह दिया जाएगा कि पड़वा का सौदा करने आए हैं।
लूट की वारदात को चोरी में किया दर्ज
जाफरगंज। पुलिस ने सहायक आयुक्त के घर हुई लूट और फायरिंग की वारदात को भी हल्के में निपटाया। लूट की जगह चोरी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की। पकड़े गए बदमाश ने अपने दो अन्य साथियों के नाम बताए जबकि पुलिस ने सिर्फ एक और के खिलाफ मुकदमा लिखा, वह भी अज्ञात में। मौके पर सबसे पहले पहुंचे ग्रामीण और परिजन बार-बार बदमाशों की संख्या पांच से छह बताते रहे। कुछ लोगों का यहां तक कहना था कि कुछ बदमाश बाहर भी खड़े थे।
पकड़े गए अपराधी पर 50 मुकदमे
जाफरगंज। एसओजी प्रभारी मनोज मिश्रा ने बताया कि पकड़ में आए बदमाश पर जिले के जहानाबाद, बकेवर, जाफरगंज के साथ ही पड़ोसी जनपदों के थानों में संगीन आरोप दर्ज हैं। करीब 50 मुकदमें हत्या, डकैती और लूटपाट व अन्य धाराओं में हैं। बिकरू कांड के बाद खुद सीएम ने शातिर बदमाशों के लिए सख्त कार्रवाई के निर्देश सभी जिलों के कप्तानों को दिए थे लेकिन यहां की पुलिस की नजर पिंकू पुत्र मुकीम पर नहीं गई। पिंकू छोटी बजरिया जहानाबाद में रह रहा था और इसकी खबर पुलिस को ही नहीं थी। पुलिस की लापरवाही और निष्क्रियता का ही परिणाम रहा कि इस बदमाश ने फिर एक वारदात को अंजाम दे दिया।
बच गई डबल बैरल
जाफरगंज। सहायक आयुक्त के घर को निशाना बनाने वाले बदमाश ग्रामीणों के सही समय पर सक्रिय हो जाने के कारण अपनी प्लानिंग में पूरी तरह कामयाब नहीं हो सके। यही वजह रही कि गौरीदत्त की डबल बैरल जो कि कमरे में ही रखी थी, वह सुरक्षित टंगी रह गई।
दो बहुओं के जेवर भी ले गए बदमाश
जाफरगंज। बदमाश लूटपाट के दौरान गौरीदत्त शुक्ला की दोनों बहुओं के जेवर भी साथ ले गए। हालांकि यह जेवर कितने थे इसकी अभी सही जानकारी नहीं हो सकी है लेकिन गौरीदत्त शुक्ला की ओर से जो तहरीर पुलिस को दी गई है उसमें 15 हजार रुपये नगद, 10 चांदी के सिक्के, कागजात होने की बात कही गई है। लेकिन गौरीदत्त शुक्ला ने यह भी बताया कि उनकी दो बहुओं का सामान जिस कमरे में रखा था उसका भी ताला तोड़ा गया है। पंकज की पत्नी मधु व सुधाकर की पत्नी प्रीति के गांव आने पर ही सही स्थिति साफ हो सकेगी। लेकिन मोटे तौर पर करीब 15 लाख रुपये के जेवर और नगदी जाने का अनुमान व्यक्त किया गया है।