बिंदकी। मुंसिफ कोर्ट बनाने के लिए ग्राम समाज की जमीनों की रिपोर्ट हाईकोर्ट भेज दी गई है। सीजेएम व न्यायिक मजिस्ट्रेट ग्रामीण न्यायालय ने तीन गांव की जमीन का निरीक्षण करके जिला जज को आख्या दी थी।
हाईकोर्ट में गठित समिति द्वारा आख्या लगने के बाद मुंसिफ कोर्ट बनने का रास्ता साफ होगा। तीन दशक से तहसील क्षेत्र में मुंसिफ कोर्ट बनाने की मांग चली आ रही है। सीजेएम मंजू कुमारी और ग्रामीण न्यायालय के ज्यूडिशियल जज अतुल पाल ने तहसील क्षेत्र के कई गांवों में स्थित ग्राम समाज की जमीनों का निरीक्षण किया था।
मुंसिफ कोर्ट बनाने के लिए 20 बीघा जमीन की तलाश थी। तहसील क्षेत्र के हाफिजपुर हरकरन, कंसमीरी और हबीबपुर में देखी गई जमीन की रिपोर्ट तैयार करके सीजेएम को दी गई थी।