फतेहपुर। बहुआ विकास खंड की ग्राम पंचायत चकइटौली में विकास कार्यों में वित्तीय अनियमितता और सरकारी धन के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। जांच समिति की रिपोर्ट के आधार पर जिला पंचायतराज अधिकारी (डीपीआरओ) ने तत्कालीन वीडीओ राजकुमार और अनूप सिंह को बताओ नोटिस जारी किया है।
दोनों पर प्रधान के साथ मिलीभगत कर सरकारी धन के दुरुपयोग का प्रथम दृष्टया दोषी होने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता संतोष तिवारी, संगम लाल, अवधेश अग्निहोत्री और कमलेश चमार की शिकायत पर गठित तीन सदस्यीय जांच समिति ने एक जून को रिपोर्ट सौंपी।
रिपोर्ट में कई विकास कार्यों में वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि हुई। राजकुमार को जारी नोटिस में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) और वित्त आयोग की योजनाओं के तहत 1,11,901 रुपये के दुरुपयोग का आरोप है।
जांच में हैंडपंप रिबोर के नाम पर भुगतान, प्रधान के बेटे के खाते में धनराशि हस्तांतरित करने, स्ट्रीट लाइट मरम्मत तथा स्कूल में टाइल्स और मरम्मत कार्य में श्रम भुगतान से जुड़ी अनियमितताएं सामने आई हैं।
वीडीओ अनूप सिंह को जारी नोटिस में 6,65,029 रुपये की वित्तीय अनियमितता का आरोप है। जांच में व्यक्तिगत शौचालयों की धनराशि लाभार्थियों के बजाय अन्य खातों में भेजने, पंचायत भवन में बिना कार्य कराए भुगतान करने तथा सामुदायिक शौचालय और पंचायत भवन के निर्माण कार्यों में मजदूरी का भुगतान नियमों के विपरीत फर्मों के माध्यम से किए जाने की पुष्टि हुई है।
डीपीआरओ रामशंकर वर्मा ने दोनों वीडीओ को 15 दिनों के भीतर साक्ष्यों के साथ अपना पक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। निर्धारित अवधि में जवाब न मिलने पर विभागीय कार्रवाई शुरू की जाएगी।