खागा। घरेलू विवाद और मानसिक उलझन के चलते छात्र और वृद्ध ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। सोमवार की सुबह जब पुलिस को इसकी सूचना दी गई तो वह मौके पर पहुंची और जांच की।
खागा कोतवाली क्षेत्र के बुदवन गांव निवासी सचिन (14) कक्षा नौ का छात्र था। वह चार-पांच दिन से मानसिक उलझन में था। सोमवार की सुबह उसने गांव के बाहर जंगल में महुआ के पेड़ से रस्सी के जरिये फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। लोगों ने शव पेड़ पर लटकता देख परिजनों को सूचना दी तो वह रोते बिलखते मौके पर पहुंचे।
इस क्रम में काही गांव निवासी छेद्दू सिंह (65) का परिवार में आपसी बात को लेकर कहासुनी चल रही थी। इस बात से नाराज होकर छेद्दू सिंह ने रविवार की रात किसी समय घर के आंगन में लगे नीम के पेड़ से रस्सी के सहारे फांसी लगाकर जान दे दी।
सुबह जब घरवालों को पता चली तो चीख-पुकार मच गई। इंस्पेक्टर खागा संतोष शर्मा मौके पर पहुंचे। जांच में छेद्दू सिंह के सिर पर चोट मिली, जिस पर उनके पुत्र राम लखन सिंह ने बताया कि चार दिन पहले उन्हें यह चोट उन्हें लगी थी। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।