फतेहपुर। कोरोना संक्रमण से अभिभावक खोने वाले आईटीआई प्रशिक्षुओं को मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना का लाभ दिया जाएगा। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. नरेश कुमार ने मंगलवार को योजना के लिए पात्रता की शर्तें जारी कर दी हैं। योजना के तहत पात्र प्रशिक्षार्थी को लैपटॉप, टेबलेट, सहायता राशि का लाभ दिया जाना है। इसके लिए प्रशिक्षु को सादे कागज पर नोडल आईटीआई फतेहपुर को आवेदन करना होगा।
योजना में 18 साल तक ऐसे प्रशिक्षु पात्र होंगे, जिनके माता, पिता दोनों की कोरोना संक्रमण से मौत हो गई हो। इसके अलावा, माता, पिता में एक की मौत मार्च 2020 से पहले हुई हो और दूसरे की मौत कोरोना संक्रमण से अब हुई हो।
इसके अलावा, माता-पिता दोनों की मौत पहली मार्च 2020 से पहले हुई हो और लीगल अभिभावक की मौत कोरोना संक्रमण से हुई हो। इसके साथ ही ऐसे बच्चे भी पात्र होंगे, जिनके माता-पिता में आय अर्जित करने वाले की कोरोना संक्रमण से मौत हुई हो।
यदि माता-पिता दोनों जीवित हैं, लेकिन आय अर्जित करने वाले अभिभावक को खो दिया हो और जीवित माता पिता की वार्षिक आय दो लाख से कम हो तो उन्हें योजना का लाभ मिलेगा। प्रधानाचार्य नरेश कुमार ने बताया कि प्रशिक्षु बालिकाओं के विवाह के लिए योजना से एक लाख 10 हजार की आर्थिक मदद भी दी जाएगी।