आसमान छू रही महंगाई व गन्ना किसानों का बकाया भुगतान समेत देवी आपदा पीड़ितों को मुआवजा मिलने में हो रही देरी से बुधवार को कांग्रेसियों का गुस्सा भड़क उठा। जिला व शहर कांग्रेस कमेटी के बैनरतले बड़ी संख्या में कांग्रेसियों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर विरोध प्रदर्शन कर केंद्र व प्रदेश सरकार पर कड़े प्रहार किए।
प्रदर्शन के बाद कांग्रेसियों ने राष्ट्रपति को संबोधित छह सूत्री ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। साथ ही चेतावनी दी कि जल्द ही समस्याओं से निजात न मिली तो आरपार की लड़ाई छेड़ी जाएगी। विरोध प्रदर्शन के दौरान जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष पीयूष दीक्षित ने गन्ना किसानों का बकाया भुगतान में विलंब होने पर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा।
नेताद्वय ने कहा कि सरकार की अनदेखी से गन्ना किसान दो राहे पर खड़ा है। दैवी आपदा की राहत चेक भी बमुश्किल 15 फीसदी किसानों के हाथ लग सकी हैं। वक्ताओं ने पेट्रोल व डीजल के दामों का निर्धारण नए सिरे से कराने की आवाज बुलंद की।
शहर कांग्रेस अध्यक्ष मोहम्मद आरिफ गुड्डा ने महंगाई के लिए केंद्र व प्रदेश सरकार को दोषी ठहराया। साथ ही कहा कि आयात और निर्यात की गलत नीतियों के कारण उपयोगी वस्तुएं पकड़ से दूर होती चली जा रही हैं। दाल के भाव दो सौ रुपये तक पहुंच चुके हैं।
तेल के दाम भी पखवारे भर में ही 25 से 30 रुपये बढ़ गए हैं। प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करते हुए सड़क हादसों में आई बाढ़ के लिए यातायात पुलिस को जिम्मेदार ठहराया। प्रदर्शन के बाद कांग्रेसियों ने राष्ट्रपति को संबोधित छह सूत्री ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
ज्ञापन देने वालों में पीरजादा कासिम, स्वरूपराज सिंह जूली, राज कुमार मौर्या, राजेंद्र सिंह लोधी, अमरनाथ कैथल, चौधरी मोइन राइन, संतोष कुमारी शुक्ला, सुमन अंबेडकर, रेनू मिश्रा, नसीम सिद्दीकी आदि मौजूद रहे।