फतेहपुर। उपभोक्ता फोरम आयोग ने युवक को फर्जी 1.14 लाख रुपये का विद्युत बिल बकाए का नोटिस देने पर विद्युत निगम पर 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। विद्युत निगम को एक माह के अंदर उपभोक्ता को परिवाद व्यय के 10 हजार रुपये देने का आदेश दिया है।
खागा कोतवाली क्षेत्र के डेंडासाई एकड़ला गांव निवासी शिवभूषण ने बताया कि उसने एक किलोवाट का घरेलू कनेक्शन आठ अगस्त 2020 में कराया था। इसके बाद नियमित रूप से हर महीने बिल का भुगतान करता रहा। छह अगस्त 2022 को उसे विद्युत निगम की ओर से एक लाख 14 हजार 723 रुपये का बकाया बिल नोटिस भेजा गया।
नोटिस मिलने के बाद शिवभूषण ने निगम के अधिकारियों के पास शिकायत की। अधिकारियों ने बिल को सही करवाने का आश्वासन दिया लेकिन कुछ दिनों बाद उन्हें लौटाना शुरू कर दिया। सुनवाई न होने पर शिवभूषण ने 13 अक्तूबर 2023 को उपभोक्ता फोरम आयोग में वाद दायर किया।
जांच के दौरान यह पाया गया कि विद्युत निगम की ओर से भेजा गया बिल नोटिस फर्जी था। उपभोक्ता फोरम आयोग के अध्यक्ष राम नरेश मौर्या ने इसे फर्जी करार देते हुए खारिज कर दिया। आयोग ने स्पष्ट किया कि निगम को शिवभूषण को परिवाद व्यय का भुगतान एक माह के भीतर करना होगा।