फतेहपुर। हर्ष फायरिंग करने वालों पर पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। पिछले दिनों सपा जिलाध्यक्ष के स्वागत समारोह एवं परशुराम जयंती पर हुई हर्ष फायरिंग में चिह्नित शस्त्र लाइसेंस धारकों के लाइसेंस निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। औंग एवं कोतवाली पुलिस ने हर्ष फायरिंग में दो शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति करते हुए पत्रावली जिलाधिकारी को भेजी है।
22 अप्रैल को सपा जिलाध्यक्ष रामेश्वर दयाल दयालू के स्वागत जुलूस में बिंदकी कसबा निवासी घनश्याम गुप्ता ने दोनाली बंदूक से हर्ष फायरिंग की थी। अमर उजाला ने इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित की थी। उक्त जानकारी पाकर एसपी आरके चतुर्वेदी ने एसओ औंग से मामले की जांचकर लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई करने का आदेश दिया था। थानाध्यक्ष औंग अजय सेठ ने बताया कि हर्ष फायरिंग करने वाले घनश्याम गुप्ता के शस्त्र लाइसेंस को निरस्त करने की संस्तुति करते हुए डीएम को पत्रावली भेजी गई है। इसी तरह 24 अप्रैल को अक्षय तृतीया के दिन शहर में परशुराम जयंती शोभायात्रा के दौरान हर्ष फायरिंग हुई थी। इसमें कोतवाली पुलिस ने हर्ष फायरिंग करने वाले व्यक्ति की पहचान कौशांबी जिले के पूरामुक्ती थाना क्षेत्र के केशवपुर निवासी जयगोविंद मालवीय पुत्र देवीप्रसाद मालवीय के रूप में की थी। अब कोतवाली पुलिस की ओर से उक्त लाइसेंस धारक का शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने की पत्रावली जिलाधिकारी को भेजी गई है।