बिंदकी (फतेहपुर)। सरकारी राशन दुकान और सरकारी आवास आवंटित कराने का झांसा देकर महिला से 24.69 लाख की ठगी के मामले में पुलिस ने 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पत्नी की गिरफ्तारी पर कोर्ट से स्टे है।
कोतवाली क्षेत्र के कुशारा गांव निवासी सपना देवी पत्नी कृष्ण प्रताप सिंह एक समूह से जुड़ी थीं। आरोप है कि समूह संचालकों ने सरकारी राशन दुकान दिलाने का झांसा देकर उनसे रकम ली थी।
पुलिस ने कानपुर के हनुमंत विहार थाना क्षेत्र के नौबस्ता दक्षिणी निवासी निखिल विश्वकर्मा उर्फ गोलू को गिरफ्तार किया है। सपना देवी का आरोप है कि निखिल और उसकी पत्नी कीर्ति ने रुपये लेने के बाद कई महीने तक राशन दुकान नहीं दिलाई। रकम वापस मांगने पर जान से मारने की धमकी दी गई।
सपना देवी ने 22 फरवरी 2026 को निखिल और उसकी पत्नी कीर्ति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इसके बाद से निखिल पुलिस की गिरफ्त से दूर चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर पहले जिला स्तर से 25 हजार और बाद में आईजी स्तर से इनाम बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दिया गया।
कोतवाल शैलेष सिंह ने बताया कि आरोपी की पत्नी की गिरफ्तारी पर कोर्ट से स्टे है। सर्विलांस सेल प्रभारी निरीक्षक सुनील कुमार सिंह की टीम ने सोमवार को निखिल को कानपुर से गिरफ्तार किया। कोर्ट के आदेश पर आरोपी को जेल भेज दिया गया।
दंपती ने मिलकर फैलाया था ठगी का नेटवर्क
सरकारी राशन कोटा और आवास (कॉलोनी) आवंटन के नाम पर दंपती ने कई लोगों से ठगी की थी। गिरफ्तार निखिल विश्वकर्मा उर्फ गोलू की ससुराल बिंदकी कस्बे के पंक्षी हाता में है। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पत्नी कीर्ति भी ठगी के नेटवर्क में सहयोग करती थी। कीर्ति ने जनता नाम से एक समूह बना रखा था, जिसमें वह क्षेत्र की महिलाओं को जोड़ती थी। समूह से जुड़ी महिलाओं को रोजगार, आवास, शौचालय समेत विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का झांसा देकर रकम ली जाती थी। पुलिस की जांच में सामने आया है कि दंपती अब तक कई लोगों से लाखों रुपये की ठगी कर चुका है।
फोटो-27- आरोपी निखिल विश्वकर्मा उर्फ गोलू। स्रोत पुलिस विभाग- फोटो : udhampur news