फोटो संख्या एवं परिचय
17- पुलिस लाइन में बरामद ट्रैक्टर, बोलेरो व आरोपी।
आशुतोष हत्याकांड में मुख्य आरोपी व बीडीसी गिरफ्तार
- आजमगढ़ के रहने वाले हैं दोनों, हत्या की ली थी सुपारी
- चोरी का ट्रैक्टर व बोलेरो के साथ दबोचा
अमर उजाला ब्यूरो
फतेहपुर। चांदपुर के जारा मोड़ पर उन्नाव के आशुतोष की हत्या के बाद पेट्रोल से फूंकने के दो आरोपी पुलिस व क्राइम ब्रांच ने दबोच लिए हैं। दोनों आजमगढ़ के रहने वाले हैं। इन्होंने हत्या की सुपारी ली थी। मुख्य आरोपी सुनील आजमगढ़ से 15 हजार का इनामी है। दूसरा उसी जिले का बीडीसी है। पुलिस ने दोनों को पूछताछ के बाद जेल भेज दिया।
उन्नाव जिले के आशुतोष कटियार हत्याकांड में फरार मुख्य आरोपी सुनील यादव और उसके साथी रामचरचन यादव बीडीसी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इनके पास से गोरखपुर जिले के सहजनवा थाना क्षेत्र से चोरी की बोलेरो और आजमगढ़ के कांधरपुर थाना क्षेत्र से चोरी का ट्रैक्टर बरामद हुआ है। पुलिस लाइन में एसपी राहुल राज ने बताया कि चांदपुर थाना क्षेत्र के हरकुंडी मोड़ पर दोनों को चांदपुर एसओ कैलाश नाथ व क्राइम ब्रांच टीम ने संयुक्त कार्रवाई में पकड़ा है। आरोपी सुनील यादव मूलरूप से आजमगढ़ जिले के रौनापर थाना क्षेत्र के छिटकहवा बाढ़ू का पुरवा निवासी है। वह कानपुर के कल्यानपुर थाना क्षेत्र के राधापुरम में कई साल से रह रहा था। आजमगढ़ से गैंगस्टर की कार्रवाई हुई थी। 15 हजार का इनाम है। उसका साथी रामचरन यादव आजमगढ़ जिले के अतरौलिया थाना क्षेत्र के भगतपुर गांव का निवासी है। दोनों चोरी के वाहनों को बेचने जा रहे थे। आरोपी सुनील यादव ने 14 जुलाई को अपने गैंग के साथ उन्नाव जिले के आशुतोष कटियार की अपहरण के बाद गला दबाकर हत्या की थी। इसके बाद चांदपुर थाने के जारा मोड़ पर फेेंका था। पेट्रोल डालकर आशुतोष के शव को जला दिया था।
इनसेट-
गैंगस्टर सुनील यादव पर 25 मामले
आरोपी सुनील यादव शातिर अपराधी है। वाहन चोरी और लूट की घटनाओं को अंजाम देने के 25 मामले दर्ज हैं। आठ मामले आजमगढ़ जिले में दर्ज हैं। जिले की शहर कोतवाली और थरियांव थाने में चोरी का एक-एक मामला, गाजीपुर जिले में दो मामले, संतकबीरनगर में तीन चोरी के मामले, गोरखपुर में चोरी के पांच मामले, अंबेडकरनगर में चोरी के दो मामले व तीन मामले चांदपुर थाने में दर्ज हैं।
इनसेट-
आशुतोष पर था मुखबिरी का शक
आरोपी सुनील यादव ने पुलिस को बताया कि आशुतोष कटियार उसके गैंग में साथ काम करता था। उसने कुछ दिनों के लिएअलग गैंग बनाई थी। उसने काफी रुपये कमा लिए थे। उसके भाई की आजमगढ़ पुलिस ने मुखबिरी कराई थी। उसे मारने की सुपारी मिली थी। सुपारी उसके लिए बेहतर मौका था। बदला भी ले लिया।
इनसेट-
सुनील की पत्नी जेल में बंद
आशुतोष की हत्या में सुनील की पत्नी पुष्पा देवी को पुलिस ने जेल भेज दिया था। आशुतोष को लेकर दीपक सचान 14 जुलाई की रात सुनील के घर पहुंचा था। वहां पुष्पा ने नशीली चाय पिलाकर आशुतोष को बेहोश कर दिया था।
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