अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से गुरुवार को सदर अस्पताल में ब्लड डोनेशन कैंप का आयोजित किया गया। जहां पहुंचे लोगों खासतौर से युवाओं का जोश देखते बना। रक्तदान के जरिए दूसरों की जिंदगी बचाने का जज्बा काबिलेगौर रहा। पहली बार रक्तदान के लिए सामने आए युवा नई अनुभूति से ओतप्रोत दिखे। ब्लड बैंक के हाथ खड़े करने के बाद महादानियों के आगे आने का सिलसिला थमा। इस दौरान 15 लोगों ने रक्तदान किया।
राष्ट्रीय रक्तदान दिवस पर एक अक्तूबर को आयोजित ब्लड डोनेशन कैंप का जिलाधिकारी राजीव रौतेला ने उद्घाटन किया। उन्होंने अमर उजाला फाउंडेशन के सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यों की प्रशंसा करते हुए अमर उजाला मिशन की तारीफ की।
डीएम ने कहा कि फाउंडेशन ने ब्लड डोनेशन कैंप के आयोजन के जरिए समाज को जागरूक करने का काम किया है। ऐसे आयोजन और किए जाने की दरकार है। इसके लिए समाज के हर वर्ग से पहल होनी चाहिए, ताकि खून की कमी से होने वाली मौतों को रोका जा सके।
सीएमओ डॉ. विनय कुमार पांडेय ने अमर उजाला फाउंडेशन केे अब तक लगे आधा दर्जन कैंपों को जीवनदायी करार दिया। कहा कि फाउंडेशन के आगे आने के बाद जिले के सरकारी ब्लड बैंक को ताकत मिली है। खून की कमी से ग्रसित प्रसव पीड़ित महिलाओं को आसानी से खून की उपलब्धता हो पा रही है।
सीओ सिटी वंदना सिंह ने रक्तदान की महता पर रोशनी डालने के साथ ही रक्तदाताओं को बधाई दी। अभियान में महिंद्रा फाइनेंस ने भी हाथ बढ़ाए। कंपनी के कस्टम मैनेजर विकास मिश्रा ने कहा कि अमर उजाला फाउंडेशन का प्रयास सराहनीय है। कैंप में कई संगठनों से जुड़े लोगों ने भी शिकरत की।
ब्लड बैंक यूनिट में स्टोर की समस्या और महीने में होने वाली 60 से 70 यूनिट खपत के मद्देनजर कई रक्तदाताओं का रक्त लेने से मना कर दिया गया। कैंप में सीएमएस डॉ. एके मिश्रा, जिला उद्योग व्यापार मंडल अध्यक्ष किशन मेहरोत्रा, डॉ. एनके सक्सेना, डॉ. विवेक निगम, डॉ. राजीव चौधरी, डॉ.आरएम गुप्ता, डॉ. केेके पांडेय, डॉ. प्रमोद जायसवाल, एलटी अशोक कुमार, अशोक शुक्ला, मुकेश कुमार, कुलदीप सिंह आदि लोग मौजूद रहे।