फोटो -09, खाद विक्रेताओं को प्रशिक्षण देते अधिकारी ,संवाद
फर्रुखाबाद। शहर की सातनपुर मंडी स्थित इफको केंद्र पर बुधवार को सहकारी प्रशिक्षण कार्यक्रम हुआ। इसमें बताया गया कि जल विलय रासायनिक खादें फसलों में पौधों को सीधा पोषण देती हैं। अधिक उत्पादन के साथ जमीन की उर्वरा शक्ति भी सुरक्षित रहती है।
इफको केंद्र पर जिला कृषि अधिकारी बीके सिंह ने एआर कोऑपरेटिव अजय पालीवाल व इफको आगरा के उपमहाप्रबंधक डॉ.प्रहलाद सिंह के साथ प्रशिक्षण का शुभारंभ किया। यहां मौजूद किसानों व खाद विक्रेताओं को बताया गया कि जल विलय रासायनिक खाद नैनो यूरिया व डीएपी का छिड़काव सीधे फसल के पौधे को पोषक तत्व देता है।
सभी विक्रेता किसानों को इसके लिए जागरूक करें। रासायनिक खाद खेतों में अत्यधिक मात्रा में उपयोग करने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति घटती जा रही है। यह भविष्य के लिए घातक है।
अधिकारियों ने फसलों को बीमारी व कीटों से बचाने के लिए 14 प्रकार के जल विलेय उत्पादों की भी जानकारी दी। यह उत्पाद खाद विक्रेताओं को दिए गए। कहा कि किसानों को फायदे बताकर स्वेच्छा से उत्पाद दें।
इससे उन्हें अच्छा उत्पादन मिलने के साथ जमीन की उर्वरा शक्ति बरकरार रखी जा सके। क्षेत्रीय प्रबंधक प्रदीप कुमार यादव, रामलोटन, शैलेंद्र सिंह, कपिल कुमार आदि मौजूद रहे।