कमालगंज। खुदागंज ग्राम पंचायत में बनवाए गए सामुदायिक शौचालय व स्कूल की बाउंड्रीवाल निर्माण में मजदूरी धनराशि साचिव द्वारा करीबी के बैंक खाते में स्थानांतरित किए जाने की शिकायत पर जांच शुरू हो गई है। बीडीओ का कहना है कि शिकायत सही मिलने पर कार्रवाई भी की जाएगी।
खुदागंज ग्राम पंचायत के पूर्व प्रधान राजेंद्र सिंह यादव ने शासन में शिकायत की है कि ग्राम पंचायत में उनके कार्यकाल में कई काम कराए गए। उनमें सामुदायिक शौचालय व प्राथमिक विद्यालय कनकौली में बाउंड्रीवाल का निर्माण के साथ रंगाई-पुताई भी शामिल है।
इन कार्यों की मजदूरी का भुगतान प्रदीप सिंह के खाते में होना था, जिसके वाउचर भी निर्माण पत्रावली में लगे थे, लेकिन तत्कालीन पंचायत सचिव ब्रजेश सिंह यादव ने अपने खास व्यक्ति संदीप कुमार के खाते में भुगतान कर दिया है।
पूर्व प्रधान ने कहा कि ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर 25 दिसंबर को आनलाइन वाउचर लगाया गया था। बाद में प्रशासक की नियुक्ति हो गई। उक्त वाउचर को रिजेक्ट कर 74662 रुपये में से 25 मार्च 2021 को 44450 रुपये संदीप कुमार व 29970 रुपये प्रदीप कुमार के खाते में भुगतान किया गया। जबकि पूरा पैसा प्रदीप को ही दिया जाना था।
लिहाजा साचिव से वसूली कराकर धनराशि प्रदीप सिंह को दिलाई जाए। वहीं साचिव ब्रजेश ने बताया कि रंजिश में शिकायत की गई है। बीडीओ आलोक आर्य ने बताया कि जांच शुरू हो गई है। एक पत्रावाली मिल गई है। दूसरी पत्रावाली मांगी गई है। यदि वास्तव में गड़बड़ी सिद्ध हुई तो सचिव से रिकवरी की संस्तुति की जाएगी।