कायमगंज। दो को बैनामा कर लटकाने वाले फल विक्रेता ने तीसरे के नाम मकान का बैनामा कर दिया। नगदी समेटकर फल विक्रेता रातोरात फुर्र हो गए। सुबह मकान में कब्जा जमाए एएनएम को देखकर दूसरे खरीददारों ने गदर काटी।
नगर के मोहल्ला काजमखां में वर्षों से रह रहे अबरार के पुत्र मंजूर, इसरार आदि नगर में फल बेचा करते थे। दो साल पहले इन्होंने मकान का आधा भाग लालबाग निवासी हाजी प्यारे मियां और शकील खां को और आधा हाजी साबिर अली को बेच दिया। मकान बेचने के बाद यह उसे खाली करने का उन्हें झांसा देते रहे।
तीन दिन पहले इन्हाेंने इस मकान का बैनामा सीएचसी में तैनात एएनएम मुन्नी राठौर पत्नी रामरतन के नाम कर दिया। मकान बेचने वाले रात में अपना सामान भर कर फरार हो गए। जाते जाते यह मकान में मुन्नी देवी को काबिज कर गए। सुबह प्यारे मियां और साबिर को इसकी जानकारी हुई।
उन्होंने मुन्नी को बताया कि वह पहले ही इस मकान को खरीद चुके हैं। मुन्नी देवी ने बताया कि उन्होंने तीन दिन पहले ही 21 लाख रुपये में मकान का बैनामा कराया है। काफी देर तक इनके बीच हंगामा होता रहा। प्यारे और साबिर ने मुन्नी को मकान से बाहर निकाल कर इसमें अपना सामान और परिवार रखकर कब्जा जमा लिया। प्यारे मियां ने कोतवाली में इस मामले की तहरीर दी।