कायमगंज। नौतपा के दूसरे दिन रविवार को पारा दो डिग्री और चढ़ गया। इससे आसमान से आग बरसने लगी। अगले नौ दिनों तक लोगों को गर्मी से कोई राहत नहीं मिलने की उम्मीद नहीं है। रविवार को हर 15 मिनट के बाद हलक सूख रहा था। ऐसे में चिकित्सक लोगों को सलाह दे रहे हैं कि दोपहर के समय जरूरी काम है तभी घर से बाहर निकलें।
शनिवार से नौतपा की शुरुआत हुई तो आसमान से आग बरसने लगी। तापमान में बढ़ोतरी होने लगी। शनिवार को अधिकतम तापमान 42 डिग्री रहा तो दूसरे दिन तापमान दो डिग्री की छलांग मारकर 44 पर पहुंच गया। दोपहर होते होते बाजार व सड़कों पर सन्नाटा छा गया। सुबह सड़कों पर वाहन चलाते व लोग पैदल चलते हुए नजर आए, इसके बाद इक्का दुक्का वाहन ही नजर आए।
तापमान बढ़ने के साथ ही लू ने भी परेशान किया। सुबह से ही तेज हवा चलने के कारण दोपहर तक यह हवा ने लू का रूप ले लिया। दोपहर के समय लोग सिर बांधे नजर आए। वहीं, शिकंजी, रस व अन्य पेय पदार्थों की दुकानों पर लोग गला तर करते दिखे। लू चलने के कारण छोटे पौधे झुलस रहे हैं। वहीं नर्सरी के पौधे भी झुलसने लगे हैं। किसान फसलों को बचाने के लिए पानी लगा रहे हैं।
गर्मी से इस तरह करें बचाव
-दोपहर के समय बाहर न निकलें।
-अगर बाहर जाना पड़े तो सिर पर कपड़ा बांधकर निकलें।
-छोटे बच्चों को बाहर न निकालें।
-घर से बाहर जाना पड़े तो एकदम एसी के कमरे से न निकलें।
-बाहर से आने के बाद ठंडा पानी न पीएं।
-दिन में तीन से चार बार नीबू पानी का प्रयोग करें।
-तली हुई चीजों से परहेज करें।
-बीमार होने पर चिकित्सक की सलाह जरूर लें।
-छोटे बच्चों को हर 15 मिनट में पानी पिलाते रहें।
-रात को तीन से चार बार पानी पीना चाहिए।
-संभव हो तो घड़े के पानी का प्रयोग करना चाहिए।
सीएचसी के डॉक्टर अमरेश कुमार ने बताया इस गर्मी का असर छोटे बच्चों पर ज्यादा पड़ेगा। ऐसे में बच्चों को दोपहर के समय घर से बाहर न निकलने दें। ऐसे मौसम में दस्त व उल्टी की शिकायत रहती है। बच्चों को बाइक पर लेकर कहीं भी न जाएं। शाम को ठंडक होने के बाद ही घर से बाहर निकालें। अगर बच्चा बीमार है तो चिकित्सक के पास लेकर जाएं। दस्त व उल्टी कई बार बच्चों के लिए जानलेवा भी बन सकती है।
लू चली, दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा
फर्रुखाबाद। लू के चलते सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। रविवार को पारे में दो डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई। अधिकतम तापमान 44 डिग्री और न्यूनतम तापमान भी 29 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। उमस और लू के साथ होने से लोगों का जीना मुहाल हो गया। बिजली की ट्रिपिंग ने तो जान हलक में ला दी। सुबह नौ बजे के बाद ही सड़कों पर इक्का-दुक्का लोग नजर आए। संडे बाजार में जहां जाम की स्थिति बनी रहती थी, वहां दुकानदारों के अलावा कोई नजर नहीं आया। लोग पानी की तलाश में भटकते रहे। (संवाद)