फर्रुखाबाद। मऊदरवाजा थाने के अर्रापहाड़पुर गांव में हनुमानजी महाराज ट्रस्ट की जमीन पर फसल की सुरक्षा में लगे करंट के तारों की चपेट में आकर मरे सर्वेश के परिजन गमगीन और आक्रोशित हैं। हालांकि लोहिया अस्पताल में भर्ती ट्रस्ट के सर्वराकार और उनके नामजद पुत्र की तबीयत में सुधार है। सर्वराकार ने माफिया के भाइयों और कई अन्य पर आरोप लगाते हुए तहरीर दी है। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।
अर्रापहाड़पुर निवासी सर्वेश यादव (40) का बुधवार रात सब्जी मंडी से घर जाते समय रास्ते में तारों में दौड़ रहे करंट की चपेट में आने से मौत हो गई थी। घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने ट्रस्ट के सर्वराकार एकलव्य जाटव, उनके पुत्र मानव समेत छह लोगों को मारपीट कर अधमरा कर दिया था। घटना के दौरान पथराव भी हुआ। पुलिस ने सर्वेश के भाई देवेंद्र यादव की तहरीर पर एकलव्य, उनके पुत्र आशू व तन्नू, पत्नी व 12 अज्ञात पर पथराव, गाली गलौज, लापरवाही से मृत्यु होना आदि धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करवाई थी। अस्पताल में भर्ती एकलव्य ने भी थाने में तहरीर दी है। उसमें माफिया के दो भाइयों पर आरोप लगाते हुए गांव के लोगों पर हत्या का षड्यंत्र रचने का आरोप लगाया। कहा कि हनुमानजी महाराज की जमीन पर बुरी नजर है। जिलाधिकारी ने जमीन को ट्रस्ट के नाम रिलीज कर दी। यह जानकारी जब माफियाओं को लगी, तो उन्होंने परिवार सहित हत्या का षड्यंत्र रचा। इसी के तहत उनके परिवार पर जानलेवा हमला किया गया है।
आरोप लगाया कि घटनास्थल पर आरोपी हत्या के बदले सुपारी लेने की बात भी कह रहे थे। अगर पुलिस समय से न आ जाती, तो हमलावर उनकी परिवार सहित हत्या कर देते। बेटे मानव को बेहोशी हालत में मरा समझकर गहरी खाई फेंक दिया था। फिलहाल पुलिस की निगरानी में लोहिया अस्पताल में इलाज चल रहा है। एकलव्य का कहना है कि उनके हाथ की हड्डी टूटी है। कमर और पसली में भी गंभीर चोटें आई हैं। पुत्र के सिर में भी काफी चोट है। अफसरों को निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई करनी चाहिए। थानाध्यक्ष अजब सिंह ने बताया कि फिलहाल तहरीर नहीं मिली है। यदि मिलती है तो जांच और उच्चाधिकारियों से विचार विमर्श के बाद आगे की कार्रवाई करेंगे।