फर्रुखाबाद। गंगा एक्सप्रेसवे से जिले को जोड़ने के लिए लिंक एक्सप्रेसवे का निर्माण कराया जाएगा। इसके लिए 42 गांव के किसानों की 650 हेक्टेयर भूमि खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अप्रैल तक भूमि खरीदकर बैनामा कराने के निर्देश दिए गए हैं।
गंगा एक्सप्रेसवे से छह जनपदों को जोड़ने के लिए करीब 91 किमी लिंक एक्सप्रेसवे का निर्माण स्वीकृत है। लिंक एक्सप्रेसवे के निर्माण से जनपद इटावा, मैनपुरी, कन्नौज, फर्रुखाबाद, हरदोई व शाहजहांपुर सीधे गंगा एक्सप्रेसवे से जुड़ जाएंगे। इसमें सरकारी भूमि के अलावा सभी छह जनपदों में 1247 हेक्टेयर भूमि किसानों की खरीदकर अधिग्रहीत की जाएगी। भूमि खरीद पर 1902 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
जनपद में लिंक एक्सप्रेसवे की लंबाई करीब 46 किमी बताई जा रही है। जिले में तहसील सदर के 30 राजस्व गांवों में अदिउली, आमिलपुर, आवाजपुर, बाबरपुर, बराकसू उर्फ रानीगढ़, बराकेशव, बरौन, बीसलपुर तराई, चकरपट्टी, गंगौली, गुतासी, नदौरा, जनैया सिठैया, कन्हूयाकूबपुर, कटैया, कटरी भीमपुर, कटरी धर्मपुर, कटरी कंचनपुर, कुबेरपुर घाट, रसीदपुर, सिरमौरा तराई, सिरौली, शिकारपुरघाट, सिठऊपुर कुर्मी, फगुना अतनपुर, मदनपुर, नगला बाग रठौरा, नीबकरोरी, भटकुर्री, खिमसेपुर शामिल हैं।
वहीं तहसील अमृतपुर के 12 राजस्व गांवों में तुर्कहटा, सबलपुर, बिलालपुर, नगला घाघ, चित्रकोट, अंबरपुर, जगतपुर, कंचनपुर, रामपुर जोगराजपुर, गाजीपुर गांधी व उजरामऊ से होकर लिंक एक्सप्रेसवे निकाला जाएगा। इसके निर्माण में सरकारी भूमि के अलावा किसानों से 650 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहीत की जाएगी। किसानों को सर्किल रेट से चार गुना भूमि की कीमत का भुगतान किया जाएगा।
लिंक एक्सप्रेसवे के निर्माण की जिम्मेदारी यूपीडा को सौंपी गई है। उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, कानूनगो व लेखपालों भूमि खरीद प्रक्रिया अप्रैल तक पूरी करने को कहा गया है। इसके बाद निर्माण शुरू होगा। लिंक एक्सप्रेस के निर्माण से जिले की महानगरों से कनेक्टिविटी बढ़ेगी। इससे व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। गैर प्रांतों के उद्यमी भी जिले में आकर अपना उद्योग स्थापित करेंगे। इससे युवाओं को रोजगार भी मुहैया होने की उम्मीद है। इसके अलावा किसान अपने उत्पादों को दूसरे जनपद व महानगरों में बेचकर अच्छा मुनाफा कमा सकेंगे। जिलाधिकारी के निर्देश एसडीएम, तहसीलदार, कानूनगो व लेखपालों ने बैनामा की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एसडीएम सदर रजनीकांत पांडेय ने बताया कि लिंक एक्सप्रेसवे के निर्माण के लिए किसानों से भूमि खरीदने की प्रकिया शुरू हो गई है।