फर्रुखाबाद। पर्यावरण सुधारने, स्वच्छता व सफाई ,कचरे से समृद्धि जैसे विषयों पर 10 से 17 वर्ष के छात्र विज्ञान के नवाचार खोजेंगे। इसके लिए 30 सितंबर तक ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन होंगे। जिला विज्ञान क्लब की ओर से शनिवार को राजकीय बालिका इंटर कालेज में आयोजित कार्यशाला में विज्ञान शिक्षकों को राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस-2019 के अंतर्गत होने वाले इस कार्यक्रम की जानकारी दी गई।
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने कार्यशाला का दीप प्रज्ज्वलन के साथ शुभारंभ किया। इस अवसर पर सीडीओ ने विद्यालयों में पर्याप्त पौधरोपण करने पर जोर दिया। जिला विज्ञान क्लब की समन्वयक व जीजीआईसी राजेपुर की प्रधानाचार्य दीपिका राजपूत ने कहा कि विज्ञान और प्रौद्योगिकी परिषद उत्तर प्रदेश की मंशा है कि ग्रामीण बच्चों में विज्ञान के नवाचार खोजने की प्रवृत्ति बढ़े। इसी लिए ग्रामीण परिवेश के लिए महत्वपूर्ण विषय पर्यावरण से जुड़े परितंत्र, स्वास्थ्य स्वच्छता व सफाई व्यवस्था, समाज संस्कृति एवं आजीविका, पारंपरिक ज्ञान प्रणाली, कचरे से समृद्धि आदि उप विषय पर नवाचार प्रस्तुत किए जा सकेंगे।
‘स्वच्छ हरित और स्वस्थ राष्ट्र के लिए विज्ञान तकनीक और नवाचार% को मुख्य विषय रखा गया है। विज्ञान के सह समन्वयकों को ब्लाक का नोडल अधिकारी बनाया गया है। प्रधानाचार्य मीना यादव, शिल्पी द्विवेदी, ज्योति, प्रदीप यादव, राजेश वर्मा ,हिमांशु शुक्ला आदि भी मौजूद रहे। संचालन विनीता अवस्थी ने किया।