बारिश की भीनी-भीनी फुहारों के बीच नया 2015 का जोश और उमंग के साथ स्वागत किया गया। लोगों ने जमकर धमाल किया। फास्ट संगीत और भीनी-भीनी बारिश की फुहार के बीच नए साल के स्वागत करने का नशा युवाओं पर सिर चढ़कर बोला। युवाओं के जोश को देख ठंड भी घबराकर पीछे हट गई।
लोगों ने 2014 को अलविदा कहने के साथ ही 2015 के स्वागत के लिए जमकर डांस किया। कुछ लोगों ने नए साल पर मंदिरों में दर्शन कर सुख-शांति की कामना की। सुबह से शुरू हुआ शुभकामनाओं का सिलसिला देर रात तक चला। मंदिरों में पहुंचकर लोगों ने माथा टेका और खुशहाली की कामना की। शहर के रेस्टोरेंटों में खूब भीड़ रही।
कड़ाके की ठंड का असर भी नववर्ष के जोश के आगे फीका रहा। रात भर रंगारंग कार्यक्रम चलते रहे। किटी पार्टियों में लोग मशगूल रहे।
दिन की शुरुआत मंदिरों में माथा टेककर तो कार्यालयों में मेल-मिलाप के दौर से हुई। पहले दिन हाकिमों ने भी कर्मचारियों पर नजरें इनायत रखीं। नए साल की पूर्व संध्या पर युवक व युवतियों ने जमकर धमाल मचाया। डीजे की धुनों पर देर रात झूमे।
रात 12 बजते ही पटाखे छुड़ाकर नए साल का जोरदार ढंग से स्वागत किया। घर में बड़े-बुजुर्गों के पैर छूकर आशीर्वाद लिया।
सुबह होते ही शहर के पांडेश्वरनाथ मंदिर, कोतवालेश्वरनाथ मंदिर, गुरगांव देवी मंदिर, शीतला देवी मंदिर बढ़पुर, मठिया देवी मंदिर, वैष्णों देवी मंदिर भोेलेपुर और गमा देवी मंदिर फतेहगढ़ में लोगों के आने का सिलसिला शुरू हो गया। नववर्ष के पहले दिन शहर के रेस्टोरेंट भी फूलों और गुब्बारों से सजाए गए थे। बेकरियों पर केक खूब बिके।