परिषदीय परीक्षा के लिए स्कूलों में भेज गए प्रश्नपत्र बंडलों में कम निकले। इससे शिक्षकों ने बोर्ड पर प्रश्नपत्र लिखकर परीक्षा कराई। कई स्कूलों में विद्यार्थी परीक्षा में नकल करते रहे।
परिषदीय स्कूलों की वार्षिक परीक्षाएं चल रही हैं। शनिवार को कक्षा तीन से आठ तक के विद्यार्थियों की कला और पर्यावरण विषय की परीक्षा सुबह की पाली में हुई। दोपहर की पाली में कक्षा छह से आठ तक के विद्यार्थियों की कृषि विज्ञान, गृह शिल्प की परीक्षा हुई। अमृतपुर क्षेत्र के पूर्व माध्यमिक विद्यालय दौलतपुर चकई में पंजीकृत 73 विद्यार्थियों में से परीक्षा में 25 शामिल हुए। इनके लिए पर्यावरण विषय के लिए प्रश्नपत्रों को बंडल आया। प्रधानाध्यापक कल्पना वर्मा ने जब बंडल खोला तो उसमें मात्र छह प्रश्नपत्र निकले। जो सभी विद्यार्थियों को नहीं दिए जा सकते थे। इससे प्रधानाध्यापिका ने बोर्ड पर प्रश्नपत्र लिखकर परीक्षा कराई। यह हाल अन्य विद्यालयों का रहा, जहां छात्रसंख्या के अनुसार बंडल में प्रश्नपत्र नहीं निकले।
प्राथमिक विद्यालय लभेड़ा में 77 पंजीकृत विद्यार्थियों में से 20 परीक्षा में शामिल हुए। कला विषय और पर्यावरण विषय के पेपर में विद्यार्थी नकल करते रहे। शिक्षक पास में संचालित पूर्व माध्यमिक विद्यालय में परीक्षा के दौरान बैठे रहे। प्राथमिक विद्यालय मुजहा में पंजीकृत 83 विद्यार्थियों में से परीक्षा में 26 उपस्थित हुए। परिषदीय स्कूलों की वार्षिक परीक्षाओं में शहरी व ग्रामीण इलाकों में विद्यार्थियों की उपस्थिति बहुत कम रही।