आस्था और संस्कार का महापर्व छठ महोत्सव का उगते सूर्य को अर्घ्य के साथ भव्य समापन हो गया। पांचाल घाट को भव्यता से सजाया गया। छठ माता को भी जलदान करके भोग लगाकर प्रसाद वितरण किया गया।
पूर्वांचल विकास समिति की देखरेख में रविवार सुबह चार बजे से ही गंगा तट पर 36 घंटे से निर्जला व्रत रखे भक्तों का सैलाब उमड़ा। घाट को सुंदर रोशनी से सजाया गया था। व्रती महिलाओं ने स्नान करने के बाद गंगा में खड़े होकर भगवान सूर्य के उदय होने का इंतजार किया। बादल होने की वजह से काफी देर बाद निकले भगवान सूर्य और छठ माता को अर्घ्य दिया। इसके बाद भव्य आरती और प्रसाद वितरित किया गया।
इस मौके पर उपासक पूनम शर्मा, उर्मिला भट्ट, दुर्गा देवी, रागिनी राय, निर्मला पांडेय, रौलदशमी पांडेय, रीना सिह, आशा देवी, किरण पांडेय, रूमा शर्मा, रोली, डा. अरुण पांडेय, डा. शमीम अहमद, केदार साह, जनार्दन शर्मा, पीके झा, हरेंद्र दुबे, अभिषेक शर्मा, आयुष शर्मा, सोनू शर्मा आदि थे।
कायमगंज प्रतिनिधि के अनुसार नगर के सीपी स्कूल में पूर्वांचल की शिक्षिकाएं रहती हैं। जिन्होंने छठ पर्व धूमधाम से मनाया। शनिवार शाम डूबते हुए सूर्य को अर्घ्य देकर और सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य दिया। डा. सुनीता केशरी व संजय कुमार गुप्त ने ठेकुआ व अन्य फलों से सूर्य भगवान की पूजा कर अपने परिवार की संपन्नता के लिए कामना की।
स्कूल की निदेशक डा. मिथलेश अग्रवाल ने व्रत रखे शिक्षिकाओं के साथ सूर्य भगवान को अर्घ्य दिया। सभी महिलाओं ने एक दूसरे को सिंदूर लगाकर उनके सुखी होने की कामना की। इस महापर्व में पूर्णिमा पांडेय, बीना बाजपेई, अंजली सिंह चौहान, बीना दुबे, लक्ष्मी गुप्ता, रंजना गुप्ता, वंदना सिंह, कीर्ति तिवारी, डॉली द्विवेदी, शालिनी श्रीवास्तव, प्रभा चतुर्वेदी, बीना तिवारी, आरती यादव, जया क्रांति, नीरजा बाजपेई मौजूद रहीं।