फर्रुखाबाद। अब यूनिक आईडी पर मतदाताओं की पूरी कुंडली होगी। इसके लिए राज्य निर्वाचन आयोग सभी मतदाताओं का यूनिक नंबर जारी करेगा। इससे एक क्लिक पर मतदाताओं का ब्योरा स्क्रीन पर सामने दिखेगा।
इससे डुप्लीकेट मतदाताओं पर अंकुश लगेगा। ग्रामीण क्षेत्र के कई परिवार शहर की ओर पलायन करते हैं। इसके बाद वह शहरी मतदाता भी बन जाते हैं, लेकिन गांव में पहले से बना वोट निरस्त नहीं करवाते। इससे वह नगर निकाय के साथ ही पंचायत चुनाव में भी अपने वोट का इस्तेमाल कर रहे हैं। कई बार तो शहर में रहकर गांव के मतदाता होने से वह प्रधानी का चुनाव भी पूरी दमदारी से लड़ते हैं।
अब मतदाताओं का दोहरीकरण नहीं चलेगा। राज्य निर्वाचन आयोग अब डुप्लीकेट मतदाताओं पर अंकुश लगाने के लिए एक यूनिक नंबर जारी करेगा। मतदाता पहचान पत्र व निर्वाचन नामावली में स्टेट वोटर नंबर (एसवीएन यूनिक नंबर) अंकित होगा। किसी मतदाता के फर्जी होने का शक होने पर यूनिक नंबर से उसकी पुष्टि हो सकेगी।
इसमें यह भी पता चलेगा कि इस यूनिक नंबर का मतदाता शहरी है या ग्रामीण, वह किस गांव या वार्ड का निवासी है और किस बूथ का मतदाता है। यूनिक नंबर मिलने से वह दूसरे स्थान पर न तो वोट बनवा सकेगा और न ही मतदान कर सकेगा।
प्रत्येक मतदाता अपने बूथ पर ही मतदान कर सकेगा। इसके लिए राज्य निर्वाचन आयोग से सभी मतदाताओं का यूनिक नंबर जारी किया जाएगा। इसमें मतदाता का पूरा विवरण होगा। इससे वह दूसरे स्थान से न तो अपना वोट बनवा सकेगा और न ही मतदान कर सकेगा। इससे मतदाताओं की डुप्लीकेसी समाप्त होगी।
अरुण कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी राजस्व एवं वित्त, फर्रुखाबाद।