फर्रुखाबाद। विशेष अदालत एंटी डकैती के न्यायाधीश महेंद्र सिंह ने किशोर की गोली मार कर हत्या करने में दो को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। एक पर 15 हजार और दूसरे पर 10 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर एक साल की अतिरिक्त सजा का प्रावधान किया है।
कायमगंज के गांव लालपुर पट्टी निवासी श्रीकृष्ण मौर्य ने मकान के पास एक प्लाट खरीदा था। वहीं पर ललेंद्र कुमार जाटव का मकान था। ललेंद्र ने श्रीकृष्ण के प्लाट जाने वाले रास्ते पर दीवार बना दी थी। इसका विरोध करने पर विवाद हुआ। रास्ते को खुलवाने के लिए श्रीकृष्ण ने सिविल कोर्ट में मुकदमा दायर किया और जीत भी लिया।
इसी रंजिश में सात जुलाई 2005 की दोपहर करीब दो बजे ललेंद्र और गांव का कप्तान सिंह श्रीकृष्ण के 16 वर्षीय पुत्र शोभित उर्फ बंटी को अमरूद के बाग में बुला ले गए। वहां गोली मार कर शोभित की हत्या कर दी। शव को खेत किनारे फेंक दिया था। श्रीकृष्ण ने घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने जांच के बाद ललेंद्र कुमार जाटव और कप्तान सिंह के खिलाफ अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था।
मुकदमे की सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकील व सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता हरनाथ सिंह, केके पांडेय, अखिलेश राजपूत, संजीव कुमार पाल ने दलीलें पेश कीं। सुनवाई पूरी होने के बाद न्यायाधीश ने ललेंद्र और कप्तान सिंह को हत्या का दोषी पाकर सजा और जुर्माने से दंडित किया है।