फर्रुखाबाद। किशोर बेटी का मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए भटक रही मां ईओ दफ्तर के सामने बैठकर फूट-फूट कर रोती रही। रिटायर फौजी पति ने बताया कि जांच करने घर गया कर्मचारी 250 रुपये ले गया। गवाहों के फोटो, आधार कार्ड भी लिए, मगर अभी तक प्रमाण पत्र नहीं मिला। कुछ कर्मियों ने दोबारा आवेदन करने की सलाह देकर दंपती को टहला लिया।
फतेहगढ़ थाने के मोहल्ला नेकपुर चौरासी निवासी पूर्व फौजी सर्वेश कुमार मिश्रा की 12 साल की बेटी वैष्णवी की 19 अक्तूबर 2023 को मृत्यु हो गई थी। उन्होंने 23 नवंबर को मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने के लिए नगर पालिका के फतेहगढ़ दफ्तर में आवेदन जमा किया।
नगर पालिका का एक कर्मचारी उनके यहां जांच के लिए पहुंचा। उसने दो गवाहों के आधार कार्ड लिए। कुछ कागजों पर दस्तखत भी करवाकर ले गया। इसके बाद रिटायर्ड फौजी पत्नी अनीता मिश्रा के साथ कई बार नगर पालिका गए, मगर किसी ने सही जवाब नहीं दिया। मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे अनीता और सर्वेश नगर पालिका में ईओ दफ्तर पहुंचे। उन्हें ईओ नहीं मिले, तो अनीता परेशान होकर अपनी व्यथा बताते हुए फूट-फूटकर रो पड़ी।
अनीता ने बताया कि तीन माह से अधिक समय होने के बावजूद वह मृत्यु प्रमाण पत्र की खातिर भटक रही हैं। संबंधित कर्मचारी कोई सही जवाब भी नहीं दे रहे हैं। कई बार नगर पालिका में आई, मगर प्रमाण पत्र नहीं बना। ईओ विनोद कुमार ने बताया कि वह सरकारी कार्य से जिला मुख्यालय से बाहर हैं। यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। वह दफ्तर पहुंचकर मामले की जांच कराएंगे।