उखाड़ कर फेंके गए मीटरों को दिखाता कर्मचारी।
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फर्रुखाबाद। बिजली खपत के आधार पर रीडिंग का बिल देने को सरकारी कालोनी में रहने वाले कर्मचारियों के घरों में मीटर लगवाए गए। कर्मचारियों ने इन मीटरों को उखाड़ कर फेंक दिया। इसकी जानकारी पर जेई संविदा कर्मचारियों के साथ मौके पर गए और विरोध किया। इस पर जेई से कर्मचारियों की नोकझोंक होने लगी। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर विवाद शांत कराया।
फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र में बरगदियाघाट पर 60 आवासों की सरकारी कालोनी बनी है। यहां रहने वाले कर्मचारियों के घर में मीटर नहीं लगे थे। वे फिक्स चार्ज का बिल भुगतान करते थे। शासन के आदेश पर निगम के अफसरों ने कालोनी में मीटर लगवाना शुरू कराया। मंगलवार को पहले दिन 25 कर्मचारियों के घर में मीटर लगाए गए थे।
बुधवार सुबह इन लोगों ने मीटरों को उखाड़ कर फेंक दिया। इसकी जानकारी पर अवर अभियंता संदीप कुमार संविदा कर्मचारियों के साथ मौके पर गए और मीटर उखाड़ने का विरोध किया। इसको लेकर जेई और कालोनी में रहने वाले लोगों से नोकझोंक होने लगी। जानकारी पर पर पुलिस ने पहुंच कर कालोनी के लोगों को समझाकर शांत किया।
एक्सईएन आरबी यादव ने बताया कि कालोनी में सिंगल प्वाइंट कनेक्शन है। उसी से सभी कर्मचारी बिजली जलाते हैं। करीब एक करोड़ 12 लाख रुपये बकायेदारी हो गई है। अभी तक 120 रुपये प्रति माह के हिसाब से कर्मचारी भुगतान कर रहे थे। अब उनको मीटर रीडिंग के अनुसार बिल देना होगा। जो मीटर उखाड़े गए हैं, उसकी जानकारी प्रशासन व जिस विभाग में कर्मचारी काम करते हैं, वहां के अधिकारियों को दी गई है।