फर्रुखाबाद। कल्पवासियों व साधु-संतों ने गुरुवार को मां गंगा के जल में पुण्य की डुबकी लगाकर विदाई ली। अगले वर्ष आने की अनुमति लेकर घरों की ओर चल दिए। कल्पवासियों की विदाई के बाद गंगा तट वीरान सा हो गया। बाजार और मनोरंजन क्षेत्र में खासी भीड़ रही।
गंगा तट पर राउटी लगाकर कल्पवास करने वाले भक्तों ने एक महीने तक भजन-पूजन, दान देकर पुण्य कमाया। गुरुवार सुबह स्नान के बाद ट्रैक्टर-ट्रालियों, बैलगाड़ी, ल़ोडर आदि वाहनों से सामान भरकर अपने घरों को चल दिए। बड़े हनुमान भोलेपुर मंदिर के महंत बाबा बालक दास ने बताया कि माघ के पवित्र महीने में गंगा के तट पर स्नान करने से सभी देवी-देवताओं का आशीर्वाद मिलता है।
एक महीने कल्पवास में गंगा स्नान करने से पुण्य फल मिलता है। स्वामी सत्यस्वरूप महाराज ने अपने भक्तों से कहा कि एक माह मां गंगा की गोद में रहकर जो पुण्य कर्म किए हैं। उन्हें व्यर्थ न जाने दें। राम की नगरी में जैसे भाईचारे से रहे, उसी तरह घर में भी रहें। साधु-संतों की अभी भी राउटी लगी हैं। हालांकि वहां भी सामान समेटा जा रहा है। कल्पवासियों के जाने के बाद मेला क्षेत्र में गंदगी का अंबार लग गया।
मुकेश दास कहते हैं कि बसंत पंचमी से धोनी पूजा शुरू होकर जेठ दशहरा तक चार माह का अनुष्ठान किया जाता है। इस अनुष्ठान से अपने प्रभु को मनाते हैं। भीषण गर्मी में अपने चारों ओर आग जलाकर पूजा पर बैठ जाते हैं।
अमृतपुर। गुरुवार को स्नान के बाद विदाई लेने वालों की संख्या अधिक होने की वजह से पांचाल घाट पुल पर दिन भर जाम लगा रहा। हजारों की संख्या में कल्पवास करने वाले लोग घरों की ओर रवाना हुए। सामान से भरे वाहनों की संख्या अधिक होने की वजह से दिक्कत हो गई। पुल के दोनों ओर जामपुर से मसेनी चौराहा तक वाहनों की कतारें लगी रहीं। पांचाल घाट चौकी पुलिस चौराहे पर खड़े टेंपो नहीं हटा सकी। लिहाजा कादरीगेट जाने वाला मार्ग भी जाम हो गया। राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ा। यातायात पुलिस भी दिखाई नहीं दी।(संवाद)ा
फर्रुखाबाद। 17 जनवरी से विधिवत शुरू हुआ मेला रामनगरिया का विधिवत समापन भी नहीं किया गया। समापन कार्यक्रम 17 फ़रवरी को होना था, लेकिन मेला व्यवस्थापक व मेला सचिव को विधानसभाचुनाव की आचार संहिता का डर सताता रहा। ऐसे में विधिवत मेले का समापन भी नहीं किया गया। व्यवस्थापक संदीप दीक्षित ने बताया कि आचार संहिता लगी है। इस कारण मेला का समापन समारोह टाल दिया गया है।(संवाद)
मेला रामनगरिया में ट्रैक्टर-ट्राली से वापस घर जाते कल्पवासी। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD
पांचाल घाट स्थित पुल पर लगा जाम। संवाद- फोटो : FARRUKHABAD