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क्रय केंद्र पर बारदाना न होने से मक्का की खरीद बंद

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मोहम्मदाबाद मंडी में क्रय केंद्र पर रखे बोरे। संवाद - फोटो : FARRUKHABAD
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मोहम्मदाबाद। सरकारी क्रय केंद्र पर बारदाना न होने सेे मक्का की खरीद बंद हो गई है। इससे किसान परेशान हैं। धान की तौल की तारीख लेने के लिए किसानों को कई दिन केंद्र के चक्कर लगाने पड़ते हैं।
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तब उनको तौल के लिए तारीख मिलती है। इससे परेशान किसान मंडी में आढ़तियों को सस्ते दाम में धान व मक्का बेेेचने को मजबूर हैं।
नवीन मंडी मोहम्मदाबाद में धान व मक्का खरीदने को केंद्र बना है। मक्का क्रय केंद्र पर तीन दिन से बारदाना (बोरा) नहीं हैं। इससे खरीद बंद हो गई है। दो दिन इंतजार करने के बाद कई किसान ट्रैक्ट्रर ट्राली पर लदी मक्का लौटा ले गए।
धान बेचने को पंजीकरण कराने के बाद तौल के लिए किसानों को क्रय केंद्र पर कई दिन चक्कर लगाने पड़ते हैं। तब कहीं उनको तारीख मिलती है। इससे किसान क्रय केंद्र पर मक्का व धान बेचने से कतरा रहे हैं। वह मंडी में आढ़तियों को सस्ते दाम में मक्का व धान बेच रहे हैं।
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गांव गाजीपुर निवासी सुदेश कुमार का कहना है कि दो दिन पूर्व वह ट्रैक्टर ट्राली पर क्रय केंद्र पर मक्का बेचने गए थे। वहां बारदाना न होने से मक्का नहीं खरीदी गई। दो दिन इंतजार करने के बाद मंडी में आढ़ती को 1350 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से बेच दी।
गांव गाजीपुर निवासी वीरेंद्र कुमार का कहना है कि वह सरकारी क्रय केंद्र पर मक्का बेचने गए थे। वहां बारदाना न होने से मक्का बेचने आए किसानों की भीड़ लगी थी। इससे उन्होंने मंडी में आढ़ती को फसल बेच दी।
गांव कुरैली निवासी करन कुमार का कहना है कि धान बेचने को पंजीकरण कराया था। पांच दिन से वह केंद्र पर धान की तौल को तारीख लेने आ रहे हैं। उनको 22 दिसंबर को तौल कराने के लिए बुलाया गया है।
गांव गाजीपुर निवासी शैलेश कुमार का कहना है कि क्रय केंद्र पर मक्का उन्हीं किसानों की खरीदी जाती है, जिनका किसी न किसी से संपर्क होता है। हर किसान से मक्का की खरीद नहीं की जा रही है। उन्होंने आढ़ती को मक्का बेच दी हैं।
‘मक्का खरीद केंद्र का बारदाना समाप्त हो गया है। बारदाना मंगाया गया है। सोमवार से केंद्र पर मक्का की खरीद की जाएगी। धान की तौल को समय देने में कोई देरी नहीं की जाती है। किसान गलत आरोप लगा रहे हैं।’ -प्रदीप कुमार, क्रय केंद्र प्रभारी
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