फर्रुखाबाद। महीयसी महादेवी वर्मा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) की छात्रा के जहर खाने के मामले में कई रहस्य खुलकर सामने आ रहे हैं। कॉलेज की शिक्षिका ने विद्यालय की कुछ छात्राओं पर सिगरेट व स्मैक का नशा करने का लती होना बताया। कॉलेज की गतिविधियों की जानकारी उच्चाधिकारियों के होने के बावजूद कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
फतेहगढ़ के मोहल्ला सिविल लाइन निवासी संगम राजपूत जीजीआईसी में कक्षा 11 की छात्रा है। गुरुवार को छात्रा ने जहर खा लिया था। छात्रा व उसके परिजनों ने कॉलेज की शिक्षक गुलशन जहां पर उत्पीड़न का आरोप लगाया था। शुक्रवार को शिक्षक गुलशन जहां ने छात्राओं द्वारा विद्यालय में की जा रही अनियमितताओं की जानकारी दी। गुलशन जहां ने बताया कि वर्ष 2023 में नौ छात्राओं को उन्होंने सिगरेट, ड्रग्स, स्मैक पीते पकड़ा था। वीडियो बनाकर शिकायत भी प्रधानाचार्य व डीआईओएस से की थी।
वर्ष 2024 में उन्होंने छात्रा संगम के पास से मोबाइल पकड़ा था। संगम ने जहर खाने की धमकी भी थी। उन्होंने बताया कि कॉलेज की कुछ लड़कियां नशे की लती हो रही हैं। जहां मिड-डे मील बनता है, उसके पास एक गेट है। गेट से लड़के आकर लड़कियों को मोबाइल, नशे की सामग्री आदि देते हैं। डीआईओएस ने कॉलेज आकर बालिकाओं को समझाया भी था।
छात्रा संगम राजपूत ने माफी मांगी थी। छात्राएं अगर इस तरह से करेंगी तो शिक्षक कैसे पढ़ाएंगे। डीआईओएस नरेंद्र पाल सिंह ने बताया कि जीजीआईसी में छात्राओं द्वारा नशा करने की शिकायत प्रधानाचार्य ने की थी। मैंने विद्यालय जाकर छात्राओं की काउंसलिंग की थी। प्रधानाचार्य को निर्देशित किया कि छात्राओं पर विशेष रूप से नजर रखें। समय-समय पर उनकी काउंसलिंग करें।