शमसाबाद। मुख्य विकास अधिकारी ने बुधवार को शमसाबाद ब्लाक कार्यालय का निरीक्षण कर विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने अनुपस्थित रहे 11 रोजगार सेवकों का मानदेय काटने व मनरेगा कार्यों में सहयोग न करने वाले एक रोजगार सेवक की सेवा समाप्त करने के निर्देश दिए।
ब्लाक कार्यालय में सुबह 10 बजे मुख्य विकास अधिकारी एम. अरून्मोली निरीक्षण करने पहुंचीं। उन्होंने बीडीओ, एडीओ, एपीओ व सचिवों से विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। ग्राम पंचायत रशीदपुर तराई में मनरेगा से कोई कार्य न चलने पर सीडीओ ने जवाब मांगा, तो एपीओ व सचिव ने कहा कि रोजगार सेवक धर्मेंद्र सिंह कोई सहयोग नहीं कर रहे हैं।
इस पर सीडीओ ने खंड विकास अधिकारी को रोजगार सेवक धर्मेंद्र सिंह की सेवा समाप्त करने के निर्देश दिए। 15 ग्राम पंचायतों में मात्र एक-एक श्रमिक के काम करने की जानकारी पर सीडीओ ने नाराजगी जताई। रोजगार सेवकों को प्रत्येक ग्राम पंचायत में कम से कम 40 श्रमिक लगाकर ‘कैच द रैन‘ के तहत तालाब खोदाई, सफाई आदि कार्य कराने के निर्देश दिए।
तीनों किस्त पाने वाले लाभार्थियों के प्रधानमंत्री आवास 12 अप्रैल तक पूर्ण न होने पर सचिवों को कार्रवाई की चेतावनी दी। शौचालयों की 72 प्रतिशत प्रगति मिलने पर एडीओ को सुुुधार लाने के लिए कहा। प्रत्येक न्याय पंचायत में एक अस्थाई गोशाला का निर्माण कराने के निर्देश दिए।
चार वर्ष से एक ही ब्लाक में जमे तकनीकी सहायक अरुण कुमार को दूसरे ब्लाक में तैनात करने के लिए कहा। वहीं, बैठक में अनुपस्थित रोजगार सेवक मोहिनी, गौतम, लज्जाराम, दिनेश चंद्र, अजयपाल सिंह, मालती, लाल मोहम्मद, धर्मेंद्र सिंह, महेंद्र सिंह, उमेश चंद्र, पूजा अवस्थी का एक दिन का मानदेय काटने के निर्देश दिए।