फर्रुखाबाद। विशेष अदालत गैंगस्टर एक्ट के न्यायाधीश राकेश कुमार सिंह प्रथम ने किशोरी को ले जाने के मुकदमे में युवक को दोषी पाकर छह साल की सजा सुनाई है। 40 हजार रुपये जुर्माना किया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतने का प्रावधान किया है। युवक की मां को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त किया गया है।
मोहम्मदाबाद कोतवाली क्षेत्र के गांव जैतपुर निवासी मनोज कुमार 18 मई 2007 को एक गांव की एक किशोरी को रात में घर से बुलाकर अपने साथ ले गया था। किशोरी के चाचा ने मनोज और उसकी मां कमलादेवी उर्फ कलावती के खिलाफ मोहम्मदाबाद कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें मां पर किशोरी को ले जाने में पुत्र का सहयोग करने का आरोप लगाया था। पुलिस ने कुछ दिन बाद किशोरी को तलाश किया। पुलिस ने जांच के बाद युवक के खिलाफ किशोरी को ले जाने और दुष्कर्म करने के आरोप व मां पर किशोरी को ले जाने में सहयोग करने के आरोप में कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया।
मुकदमे की सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकील व सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता तेज सिंह राजपूत ने दलीलें पेश कीं। सुनवाई के बाद न्यायाधीश ने कमलादेवी उर्फ कलावती को साक्ष्य के अभाव में मुकदमे से दोषमुक्त कर दिया। मनोज कुमार को किशोरी के ले जाने के जुर्म में दोषी पाकर सजा और जुर्माने से दंडित किया है।