कमालगंज। श्रंगीरामपुर में बुधवार रात फसल चर रहे 30 गोवंशों को किसानों ने बाड़े में बंद कर लिया। जानकारी होने पर अधिकारियों ने सभी गोवंशों को बाड़े से निकलवाकर गोशाला भिजवाया।
निकटवर्ती गांव के पशुपालकों दूध दुहने के बाद गोवंशों को खेतों की ओर हांक देते हैं। यह गोवंश किसानों की फसलों को तबाह कर रहे हैं। परेशान श्रंगीरामपुर के किसानों ने चौराहे के आगे होली के स्थान पर एक बीघा क्षेत्र में बांस-बल्ली लगाकर बाड़ा तैयार किया। मंगलवार व बुधवार रात को किसानों ने 30 से ज्यादा गोवंशों को पकड़कर बाड़े में बंद कर दिया और अधिकारियों को सूचना दी। ग्राम विकास अधिकारी आलोक दुबे गुरुवार को बाड़ा स्थल पर पहुंचे। वाहनों से गोवंश गोशाला भिजवा दिए। उन्होंने बताया कि सिंधौली व हसनापुर गोशाला में कुल 30 गोवंश पहुंचा दिए गए।
ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में करीब 20 गांवों के किसान रात को जागकर आलू, गेहूं व सरसों की फसल की रखवाली कर रहे हैं। झुंड के झुंड आकर खेत में घुस जाते हैं। समस्या से परेशान किसानों ने खुद बाड़ा बनाकर गोवंश पकड़ने का निर्णय लिया।
बहावलापुर निवासी किसान जसवीर उर्फ जस्सू ने कहा कि कुंडपुरा के पशुपालक रात को दूध दुह लेने के बाद अपने गोवंशों को किसानों की फसलें चरने के लिए हांक देते हैं। दो दिन पूर्व किसान जयवीर व जैतपाल ने रात को 20 बीघा गेहूं में गोवंश चरते देखे तो वह उन्हें कुंडपुरा की ओर हांक रहे थे। रास्ते में घात लगाए बैठे पशु पालकों ने दोनों पर हमला कर दिया। गांव के किसान ने डीएम से कार्रवाई के लिए फरियाद की। घटना की तहरीर कमालगंज थाने में दी गई है।