फर्रुखाबाद। बरेली-इटावा हाईवे पर क्लीनिक से लौट रहे झोलाछाप चंद्रभान कोरी की दो माह पूर्व हुई हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। उसकी सुपारी देकर हत्या कराई गई थी। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद कर लिया। दो आरोपियों की तलाश की जा रही है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के गांव चांदपुर निवासी झोलाछाप चंद्रभान कोरी का राजेपुर थाना क्षेत्र के गांव चाचूपुर में क्लीनिक था। 26 नवंबर 2018 की रात वह बाइक से क्लीनिक से आ रहे थे। रास्ते में उनकी चाकू व गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पत्नी ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था।
पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल मिश्र ने शनिवार को पुलिस लाइन सभागार में पत्रकारों को बताया कि चंद्रभान की हत्या सुपारी देकर कराई गई थी। शहर के मोहल्ला खटकपुरा इज्जत खां निवासी आरोपी मो. जावेद को शुक्रवार रात पांचालघाट के निकट राजेपुर थाना पुलिस व स्वाट टीम ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने बताया कि वर्ष 2014 में उसने जयपुर में जरदोजी का काम करने वाले अपने दोस्त गौहर अली को यहां बुलाकर डेढ़ लाख रुपये के लालच में उसकी गला रेतकर हत्या कर दी थी। उस मुकदमे में वह चार वर्ष जेल में रहा। जेल में उसकी मुलाकात शमसाबाद क्षेत्र के गांव ऊगरपुर निवासी प्रदीप से हुई। प्रदीप इन दिनों शहर के मोहल्ला भोपत सराय में रहता है। जमानत पर जेल से छूटने के बाद प्रदीप ने घटना से एक सप्ताह पूर्व उसे चंद्रभान की हत्या के लिए 20 हजार रुपये की सुपारी दी।
घटना वाले दिन प्रदीप अपने साथी गुड्डू के साथ बाइक से उसके पास आया। इसके बाद वह तीनों लोगों ने चाचूपुर स्थित ठेके पर जाकर शराब पी। वहां से चंद्रभान के बाइक से निकलते ही वह लोग पीछे लग गए। पांचालघाट के निकट प्रदीप ने चलती बाइक पर चंद्रभान के गोली मार दी। इससे वह गिर गया और बाइक खड्ड में चली गई। इसके बाद उसने घायल चंद्रभान की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी। मौके पर शव छोड़कर वह लोग शाहजहांपुर की ओर चले गए। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आरोपी की निशानदेही पर डबरी तिराहे से घटना में प्रयुक्त चाकू बरामद कर लिया। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिशें दी जा रही हैं।