शमसबाद। डीसीएम की टक्कर से बाइक सवार चचेरे भाइयों की मौत हो गई। दोनों भांजे की छठी कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। पुलिस ने डीसीएम को कब्जे में लेकर शवों को लोहिया अस्पताल भिजवा दिया।
फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला ग्रानगंज निवासी महेश श्रीवास्तव का 30 वर्षीय पुत्र रंजीत मेडिकल स्टोर पर काम करता था। उसका चचेरा भाई दीपक (28) प्रापर्टी डीलर था। रंजीत की कायमगंज कोतवाली के गांव मीरपुर निवासी बहन सीमा के बेटे की बुुधवार को छठी थी। रंजीत दीपक के साथ बाइक से कार्यक्रम में शामिल होने जा रहा था। रंजीत बाइक चला रहा था और हेलमेट नहीं पहने था।
कायमगंज-फर्रुखाबाद मार्ग पर ठंडी कुइयां चौराहे पर कायमगंज की ओर से आ रही डीसीएम ने रंजीत की बाइक में सीधी टक्कर मार दी। पहिये के नीचे आने से रंजीत व दीपक की मौके पर ही मौत हो गई। चालक डीसीएम छोड़कर भाग गया।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने डीसीएम को कब्जे में ले लिया। पुलिस ने दोनों के शवों को लोहिया अस्पताल की मर्च्युरी में रखवा दिया। चचेरे भाइयों की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। रंजीत की मां पार्वती, बहन शीला, सीमा व पिता महेश रो-रोकर बेहाल हो गए। दीपक की मां माया देवी, बहन अंजली, पिंकी व पिता नरेश बिलखते रहे।
डेढ़ महीने पहले रंजीत की हुई थी शादी
रंजीत की डेढ़ माह पहले अंजलि से शादी हुई थी। पति की मौत की सूचना पर पहुंची अंजलि का रो-रो कर बेहाल हो गई। परिवार के लोग बदहवाश अंजलि को संभालने का प्रयास कर रहे थे।
बस से जा रहीं थीं बहनें व चाचा
छठी कार्यक्रम में चाचा प्रदीप श्रीवास्तव, दीपक की बहन अंजली, रंजीत की बहन शीला बस से कायमगंज जा रहे थे। रास्ते में उनको हादसे की जानकारी मिली। चाचा व बहनें रास्ते से वापस आ गईं और लोहिया अस्पताल पहुंचे।