कमालगंज। महिलाओं को बेचने वाले गिरोह के आठ लोगों पर एक महिला ने काम करने का झांसा देकर बंधक बनाने के मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
आरोप है कि उसे मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी गई और उसका 50 हजार रुपये में सौदा भी कर दिया गया। बुधवार को आरोपियों के जेल भेजे जाने के बाद महिला ने शनिवार को थाने पहुंच जानकारी दी।
बिहार प्रांत के रामगढ़ थाना क्षेत्र के दोहालिया ग्राम निवासी महिला ने रिपोर्ट दर्ज कराई। उसने कस्बे के निकटवर्ती हरदेव नगर निवासी श्यामा देवी, उसके पुत्र राज, राशिद उर्फ राजा, कायमगंज के उलियापुर निवासी वीरे, चंदौली जिले के अलीनगर के गुयास निवासी रामकरन, उसकी पत्नी माया के खिलाफ केस कराया। इसके अलावा चंदौली के काला महल लखमीपुर निवासी शकीना व जहानगंज के मधवापुर के चरन सिंह के खिलाफ भी शनिवार को मुकदमा दर्ज कराया।
इसमें आरोप लगाया कि 26 अक्तूबर को चंदौली जिले के मुगलसराय में उसे माया, रामकरन व शकीना मिलीं। इन्होंने उसे कबाड़ा बीनते हुए देखा तो कहा कि वह अच्छा काम दिलाएंगे। उनके साथ वह कमालगंज पहुंची तो चार दिन बाद आरोपियों ने उसकी उसकी शादी कराने की बात कही। उसने दूसरी शादी से इन्कार कर दिया।
इस पर आरोपियों ने उसके साथ मारपीट की और रुपये छीन लिए। महिला का आरोप है कि बाद में इटावा के एक आदमी को उसे दिखाकर शादी कराने के नाम पर उन लोगों ने 50 हजार रुपये में उसका सौदा कर दिया। उस व्यक्ति से रुपये लेकर पांच नवंबर को उसके साथ भेजने की बात कही थी।
महिला ने पुलिस को बताया कि विरोध करने पर आरोपियों ने उसे राजा उर्फ राशिद के घर भेज दिया। इसी बीच कानपुर देहात की महिला को बेचने के मामले में पुलिस ने सभी को जेल भेज दिया था। उस वक्त वह राजा के घर पर थी। वह वहां से निकल कर भटकती हुई रेलवे स्टेशन कमालगंज पहुंची, जहां से पूछती हुई थाने पहुंची।
इंस्पेक्टर राजीव कुमार ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। आरोपियों को कुछ दिन पूर्व जेल भेजा गया है।