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82 केंद्रों की निगरानी करेंगे 574 पुलिस कर्मी

Tue, 17 Feb 2015 11:18 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला फर्रुखाबाद
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यूपी बोर्ड परीक्षा नकल विहीन कराने के लिए 82 केंद्रों पर 574 पुलिस कर्मियों की निगरानी में परीक्षा कराई जाएगी। जिलाधिकारी के आदेश पर पुलिस अधीक्षक ने सीओ को जोनल और सभी थानाध्यक्षों को सेक्टर मजिस्ट्रेट बनाया है।
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हाईस्कूल व इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा 19 फरवरी से शुरू हो रही है। इन परीक्षाओं के लिए जिले में 82 केंद्र बनाए गए हैं। नकल विहीन परीक्षा कराने को प्रशासनिक तैयारियां चल रही हैं।

परीक्षा के दौरान नकल कराने वालों को अंदर जाने से रोकने और हुड़दंग करने वालों को पकड़ने के लिए परीक्षा केंद्रों पर पुलिस का पहरा रहेगा। इसके लिए पुलिस अधीक्षक ने 82 केंद्रों पर 574 पुलिस कर्मियों की तैनाती कर दी है। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर एक उपनिरीक्षक, एक हेड कांस्टेबिल, दो सिपाही और तीन होमगार्डों की तैनाती की गई है।  छात्राओं के परीक्षा केंद्राें पर महिला पुलिस कर्मियों की तैनाती की गई है।
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सीओ सिटी, अमृतपुर, मोहम्मदाबाद, कायमगंज और सीओ लाइन को जोनल मजिस्ट्रेट बनाया है। प्रत्येक थाने के थानाध्यक्ष को पुलिस विभाग का सेक्टर मजिस्ट्रेट बनाकर परीक्षा केंद्रों पर अराजकतत्वों पर नजर रखने के आदेश दिए गए हैं। पुलिस कर्मियों को दोनों पालियों में होने वाली परीक्षाओं के शुरू होने से पूर्व केंद्र पर पहुंचने का आदेश दिया है। जिला विद्यालय निरीक्षक भगवत पटेल ने बताया कि परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा को पुलिस बल तैनात हो गया है।

नहीं चलेगी बहानेबाजी, बनी हेल्पलाइन
साहब! नकल कराने वाले दबंग युवक हैं। वह कालेज में घुसकर धमकाते हैं। दबंग नकल की पर्चियां दे गए हैं। अगर रोकते हैं तो वह मारपीट पर आमादा हो जाते।  पुलिस अफसरों के मोबाइल नंबर न होने के से सूचना देने में विलंब होता है। केंद्र प्रभारियों की इस तरह की बहानेबाजी अब बोर्ड परीक्षा के दौरान नहीं चलेगी। पुलिस अधीक्षक ने नकल कराने वालों पर शिकंजा कसने के लिए हेल्पलाइन शुरू की है।

सभी केंद्र प्रभारियों को पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों के मोबाइल नंबरों की सूची मुहैया कराई गई है। 19 फरवरी से शुरू हो रही बोर्ड परीक्षा के दौरान धमकी, मारपीट, हुड़दंग करने और केंद्र के आसपास एकत्र होना लोगाें को  मुश्किल में डाल सकता है। इस तरह की सूचनाएं पुलिस तक आसानी से पहुंच जाएंगी। जिलाधिकारी के आदेश पर पुलिस अधीक्षक ने पुलिस हेल्पलाइन शुरू की है।

सभी परीक्षा केंद्रों के केंद्र व्यवस्थापकों को जिला नियंत्रण कक्ष, हेल्पलाइन नंबर समेत सभी थानों के थानाध्यक्ष, सीओ सिटी, सेक्टर, जोनल मजिस्ट्रेटों के मोबाइल नंबरों की सूची उपलब्ध करा दी गई है। परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की घटना होने या आशंका पर मोबाइल के माध्यम से अधिकारियों को अवगत कराने का आदेश केंद्र व्यवस्थापकों को दिया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक भगवत पटेल ने बताया कि हेल्पलाइन नंबरों की सूची सभी केंद्र व्यवस्थापकों को दी गई है। परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की दिक्कत होने पर मोबाइल के माध्यम से अधिकारियों को अवगत कराने का आदेश दिया है।

प्रवेश पत्र वितरण में वसूली
बोर्ड परीक्षा के अभ्यर्थियों से प्रवेश पत्र के नाम पर वसूली शुरू हो गई है। इस कारण कई स्कूलों ने परीक्षार्थियों को प्रवेश पत्र नही दिए हैं। प्रवेश पत्र के नाम पर तीन से पांच सौ रुपये मांगे जाने की शिकायतें जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में की गई हैं।

हाईस्कूल और इंटर बोर्ड परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र बोर्ड कार्यालय से आ गए हैं। प्रवेश पत्र स्कूलों में भेजे जा चुके हैं। परीक्षा शुरू होने में एक दिन बचा है। कई स्कूलों में अभी तक प्रवेश पत्रों का वितरण नहीं हुआ है। आरोप है कि प्रवेश पत्र के लिए छात्र छात्राओं से 300 से 500 रुपये की मांग की जा रही है। ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में संचालित कुछ वित्त विहीन स्कूलों में अभी तक प्रवेश पत्र नहीं बांटे गए हैं।  जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में इसकी  शिकायत की गई है।

डीआईओएस भगवत पटेल ने बताया कि प्रवेश पत्र वितरण में धन उगाही की अभी तक शिकायत नहीं मिली है। अगर शिकायत आई है तो संबंधित प्रधानाचार्य के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

डीआईओएस ने मांगीं छह गाड़ियां
परीक्षा केंद्रों पर छापेमारी के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक ने जिलाधिकारी को को पत्र भेजकर छह गाड़ियां आवंटित करने की मांग की है। डीआईओएस भगवत पटेल ने बताया कि दो सेक्टर और दो सचल दलों के पास गाड़ियां नहीं थीं। इस कारण छह गाड़ियां मांगी गई हैं। दो गाड़ियां रिजर्व में रखी जाएंगी।
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