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51 वाहन भी नहीं ढो पा रहे शहर का कूड़ा

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फर्रुखाबाद। शहर का कचरा उठाने के लिए 51 वाहन लगाए हैं। इन वाहनों में प्रतिदिन 450 लीटर डीजल खर्च होेता है, इसके बावजूद शमशेर खानी में मीरा देवी के प्लाट, पटेल पार्क, आरा कसान आदि में डलवाघर (कूड़ा डालने वाले स्थल) बना दिए गए हैं। कूड़े से उठने वाले दुर्गंध से लोग परेशान रहते हैं।
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शहर से प्रतिनिधि करीब 125 टन कूड़ा निकलता है। इसके लिए दो जेसीबी, 16 ट्रैक्टर-ट्रॉली, दो डीसीएम, दो कांपेक्टर, 27 हूपर, दो टाटा एस लगाए गए हैं। इन वाहनों से शहर के अंदर जमा कूड़ा नगर पालिका के आमिलपुर डंपिंग स्थल ले जाने की जिम्मेदारी है। किंतु इसमें लापरवाही बरती जा रही है। जानकारों के अनुसार ज्यादातर चालक कूड़ा ढोने के बजाए डीजल बेचकर चक्कर लगाना दिखा देते हैं। ये गोलमाल अधिकारियों के संज्ञान में है लेकिन अभी तक किसी पर कार्रवाई नहीं हुई है।
नवाबों की बस्ती गढ़ी कोहना, खैराती खां, सूफी संत हजरत सुल्तान बख्श और हजरत छोटे-बड़े साहब की दरगाह, दरगाह हुसैनिया मुजीबिया, नखास, मनिहारी, भीकमपुरा, खटकपुरा, नक्कारचियान, दीवान मुबारक, छावनी, भाऊटोला, मौलवी बदन खां, नखास आदि मोहल्लों में नियमित कूड़ा नहीं उठाया जाता।
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डीएम ने पिछले सप्ताह ही सुबह 10 बजे शहर का कूड़ा उठाने के आदेश दिए थे। किंतु नगर पालिका के अधिकारियों ने इस पर अमल नहीं किया है। कूड़े भरे ट्रैक्टर ट्राली, डीसीएम और कांपेक्टरों 10 बजे के बाद निकलने से शहर में जाम भी लगता है।
शमशेर खानी के तौफीक खान ने कहा कि प्लाट में कूड़े से दुर्गंध से संक्रमण फैलता है। यहां खड़ा होना भी मुश्किल है। हवा चलने पर दुर्गंध घरों तक पहुंचती है।
शमशेर खानी के नवीशेर ने कहा कि सफाई कर्मचारी हथठेली में गलियों की सफाई से निकला कूड़ा लाकर खाली प्लाट में डालते हैं। प्लाटों से महीनों कूडृा नहीं उठता है।
पटेल पार्क के पास रहने वाले संजय पांडेय ने बताया कि वैसे में सफाईकर्मी कूड़ा लाकर डालते हैं। बदबू के कारण पार्क के पास खड़े नहीं हो सकते हैं। तुरंत कूड़ा उठना चाहिए।
पलरिया के मिट्ठू ने कहा कि कुछ लोग पार्क में टहलने जाते हैं। मगर वहां कचरे के ढेर लगे हैं। महीनों कूड़ा नहीं उठाया जाता। गंदगी से बीमारियों की आशंका है।
वर्जन
दिन में कई बार शहर में घूमकर सफाई की स्थिति को देखता हूं। खाली प्लाटों में कूड़ा नहीं डाला जा सकता। सफाई नायकों की बैठक करके सफाई में निकला कूड़ा समय पर डंपिंग स्थल पर भेजा जाए।
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-बृजेश कुमार, मुख्य सफाई निरीक्षक, नगर पालिका
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