अमर उजाला ब्यूरो
फर्रुखाबाद। सपा सरकार में लोहिया समग्र ग्राम योजना से विद्युतीकरण के बाद ऊर्जीकृत हुए गांवों में भाजपा सरकार में दोबारा विद्युतीकरण करा दिया गया। ऐसे 11 गांवों का मामला सामने आया है। इसकी शिकायत पर सीडीओ ने बिजली विभाग के अफसरों से अभिलेख तलब किए हैं। विभागीय अधिकारी अभिलेखों को खंगालने में जुटे हैं।
सपा सरकार में वर्ष 2013-04, 2014-15 व 2015-16 में लोहिया समग्र ग्राम योजना के तहत गांवों का चयन किया गया था। इन सभी गांवों में विकास कार्य कराए गए थे और बिजली विभाग ने इन गांवों में विद्युतीकरण कराया था। भाजपा सरकार आने पर केंद्र सरकार ने गांवों तक बिजली पहुंचाने के लिए पंडित दीन दयाल उपाध्याय ग्राम्य ज्योति योजना शुरू की। इसका काम कार्यदायी संस्था को दिया गया। विद्युतीकरण के लिए 1403 गांवों का चयन किया गया। इनमें लोहिया समग्र योजना में संतृप्त हुए जहागीरपुर, अजीजलपुर, नगला बसोला, शाहीपुर, गंगाईच, शेखपुर सराय, सितवनपुर पिसू, पिलखना, भावन, बकसुरी समेत 11 गांवों को शामिल कर लिया गया।
वर्ष 2017 में पंडित दीन दयाल उपाध्याय ग्राम्य ज्योति योजना के तहत इनमें विद्युतीकरण कराया गया। ऊर्जीकृत हुए 11 गांवों में दोबारा से विद्युतीकरण होने की डीएम व सीडीओ से शिकायत की गई। सीडीओ अपूर्वा दुबे ने बिजली विभाग के अफसरों से अभिलेख तलब किए। एक्सईएन ग्रामीण रमेश चंद्र ने बताया कि यह मामला उनके जिले में कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व का है। अभिलेख खोज कर रिपोर्ट बनाकर भेजी जाएगी।