फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गर्भगृह के पास अनधिकृत व्यक्ति देख भड़के पक्षकार

Sun, 22 May 2016 10:09 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो / फैजाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन
विवादित परिसर रविवार को गर्भगृह के नजदीक एक अनधिकृत व्यक्ति की मौजूदगी पर पक्षकारों पर्यवेक्षकों से शिकायत दर्ज कराई है। निरीक्षण के लिए पहुंचे पक्षकारों ने कहा कि कार्रवाई न होने की स्थिति में वे कोर्ट जाएंगे। बाद में पता चला कि मौजूद व्यक्ति के नाम से पीडब्ल्यूडी व कमिश्नर कार्यालय का लेबर पास जारी है, मगर मौके पर वह भी उसके पास नहीं मिला। 
विज्ञापन


विवादित परिसर में निरीक्षण के लिए आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के एमके सिंह, पर्यवेक्षक जज टीएम खान व एसके सिंह, एडीएम सिटी आरएन शर्मा, निर्मोही अखाड़े के वकील रणजीत लाल वर्मा, हाजी महबूब, हरदयाल शास्त्री व रामदास पहुंचे थे।

निर्मोही अखाड़े के वकील रणजीत लाल वर्मा ने बताया कि निरीक्षण के दौरान पक्षकारों ने देखा कि एक पंडा विनोद कुमार पांडेय, निवासी लाल कोठी रेडजोन में घूम रहा है, जबकि यहां बगैर कोर्ट की अनुमति के कोई भी नहीं जा सकता। उसने बताया कि उसके पास कमिश्नर के पीए बीएल मौर्या का जारी किया लेबर पास है, जो घर पर है।
विज्ञापन


स गंभीर सुरक्षा लापरवाही के लिए मौके पर पर्यवेक्षक व कमिश्नर की न मौजूदगी में आए एडीएम सिटी से शिकायत की गई। पक्षकार हाजी महबूब ने भी बताया कि एक पंडा गर्भगृह के पास कैसे पहुंच गया, जबकि कोर्ट की अनुमति के बगैर कोई नहीं जा सकता। बताया कि पंडे से पूछताछ में पता चला कि पीडब्ल्यूडी खोदाई स्थल पर मेंटेनेंस कार्य का ठेका निरस्त कर नए ठेकेदार से कार्य करा रहा है।

पीडब्ल्यडी और कमिश्नर कार्यालय ने पास भी बगैर कोर्ट व उनकी अनुमति व संज्ञान में लाए बिना जारी कर दिया। जबकि पांच जुलाई 2005 में एक पंडे के कारण ही विवादित परिसर पर फिदाईन हमला हो चुका है। पर्यवेक्षक जजों के साथ एडीएम सिटी से मौखिक शिकायत दर्ज कराई गई है। यदि मामले के दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो सभी पक्षकार कोर्ट में जाएंगे।

विवादित परिसर स्थित खोदाई स्थल पर रविवार को मेंटेनेंस में दो-दो ठेकेदार की मौजूदगी का मामला भी प्रमुखता से उठा। पक्षकारों के समक्ष गर्भगृह पास तक पहुंचे विनोद कुमार पांडेय के भाई कृष्ण कुमार पांडेय के नाम मेंटेनेंस का ठेका करने की बात सामने आई।

जबकि पक्षकार रणजीत लाल वर्मा व हाजी महबूब ने बताया कि बगैर कोर्ट की अनुमति के परिसर में कोई कार्य नहीं कराया जा सकता, न ही नया ठेका दिया जा सकता है। पीडब्ल्यूडी के ठेकेदार विनोद जायसवाल पूर्व की भांति अपने मजदूरों के साथ आ रहे हैं और कार्य करते हैं, जिसकी रिपोर्ट कोर्ट भेजी जाती है। 

पीडब्ल्यूडी की सूची के आधार पर विवादित परिसर में साफ-सफाई करने वाले लेबरों का पास जारी होता है। विनोद को पास काफी पहले का जारी हुआ बताया गया है। फिर भी बगैर पास के गर्भगृह तक जाना ठीक नहीं है। अभी तक मेरे पास मामले को लेकर किसी की कोई शिकायत नहीं आई है, शिकायत आएगी तो जांच कराकर कार्रवाई होगी।- सूर्य प्रकाश मिश्र, कमिश्नर व रिसीवर विवादित परिसर
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें