अयोध्या। दीपोत्सव -2021 को ऐतिहासिक बनाने के लिए योगी सरकार ने पूरी ताकत झोंक दी है। भगवान श्री राम के लंका विजय के बाद अयोध्या लौटने की खुशी में सदियों से दीपोत्सव का आयोजन होता आ रहा है।
उत्तर प्रदेश में 2017 में जब मुख्यमंत्री के रूप में योगी आदित्यनाथ ने कमान संभाली तो उन्होंने दीपोत्सव के आयोजन को ग्लोबल उत्सव बनाने का जो अभियान छेड़ा था वह चार वर्षों में नए रिकॉर्ड कायम करता रहा है।
योगी सरकार अपने पांचवें दीपोत्सव को भव्य आकर्षक बनाने के लिए तमाम योजनाओं को मूर्त रूप देने की तैयारी में जुटी है। इस बार दीपोत्सव को हाइटेक बनाने के लिए कई डिजिटल तरीकों का इस्तेमाल किया जाएगा।
योजना है कि इस बार दीपोत्सव में भगवान राम की वापसी की कहानी और रामायण को पूरी तरह से एनीमेशन के जरिए प्रस्तुत किया जाए। इसके लिए ओलंपिक की तर्ज पर एक एजेंसी द्वारा हवाई ड्रोन शो का प्लान बन रहा है।
उपयोग किए जाने वाले ड्रोन क्वाडकॉप्टर या मल्टी-रोटर्स होंगे। जिनमें बिल्ट-इन एलईडी होंगे जो 12 मीटर प्रति सेकंड की हवा की गति के साथ 400 मीटर तक उड़ सकते हैं और उच्च परिशुद्धता जीपीएस है।
इस संबंध में क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी आरपी यादव ने कहा कि दीपोत्सव को ऐतिहासिक बनाने के लिए कई योजनाएं बनाई जा रही हैं। ड्रोन शो को लेकर अभी उनके पास कोई जानकारी नहीं है।
इस साल अयोध्या में राम की पैड़ी की इमारतों के अग्रभाग पर 3-डी होलोग्राफिक शो, 3-डी प्रोजेक्शन मैपिंग और लेजर शो आकर्षण का केंद्र होगा। एरियल ड्रोन शो सहित सभी शो की कुल लंबाई 35 मिनट होगी।
जिसमें 3-डी होलोग्राफिक शो के लिए 8 मिनट और 3-डी प्रोजेक्शन मैपिंग शो के लिए 10 मिनट शामिल हैं। रेडी प्रोजेक्शन मेपिंग के जरिए राम की पैड़ी के प्राचीन मंदिरों की भव्यता देखते ही बनेगी तो यहां राम की कथा का भी दर्शन भक्तों को हो सकेगा। साथ ही साथ वाटर शो के जरिए भी राम की कथा का प्रदर्शन करने की तैयारी चल रही है।