अयोध्या। रामनगरी रामजन्मोत्सव के उल्लास में मगन है। जन्मोत्सव पर रामलला का विधिविधान पूर्वक अभिषेक-पूजन किया जाएगा। पांच क्विंटल दूूध से रामलला का अभिषेक होगा। कन्नौज के इत्र से उन्हें स्नान कराया जाएगा। जन्मोत्सव पर रामलला रत्नजड़ित वस्त्र धारण करेंगे।
रामनवमी मेला धीरे-धीरे शबाब पर पहुंच रहा है। रामजन्मोत्सव के उल्लास में अयोध्या झूम रही है। रामजन्मोत्सव में राममंदिर निर्माण की खुशी बयां हो रही है। पूरी अयोध्या रामजन्मोत्सव को ऐतिहासिक बनाने के लिए तैयारियों में जुटी हुई है।
रामजन्मोत्सव पर पूरी अयोध्या को राममय बनाने की तैयारी है। इस बार घर-घर उत्सव मनेगा। श्रीराम जन्मभूमि परिसर में भी राम जन्मोत्सव की तैयारियों की भव्यता दिखने लगी है।
रामजन्मभूमि परिसर सहित पूरे अयोध्या को सजाने का काम शुरू हो गया है। राममंदिर में पहली बार रामजन्मोत्सव की भव्यता देखते ही बनेगी। रामलला के मुख्य अर्चक आचार्य सत्येंद्र दास ने बताया कि जन्मोत्सव के दिन सुबह रामलला का अभिषेक किया जाएगा।
पांच क्विंटल दूध से अभिषेक होगा। कन्नौज से इत्र मंगाया जा रहा है। जिससे रामलला को स्नान कराया जाएगा। इसके बाद रामलला को नवीन वस्त्र धारण कराया जाएगा जो रत्नजड़ित होगा।
उन्होंने बताया कि रामलला के लिए यह खास वस्त्र ट्रस्ट की ओर से तैयार कराया जा रहा है। 501 किलो चरणामृत प्रसाद भी तैयार किया जाएगा। जन्मोत्सव में आने वाले हर भक्त को चरणामृत व छप्पन भोग का प्रसाद बांटा जाएगा।
बताया कि फूलों की झांकी भी सजेगी। जिसको लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। दर्शनमार्ग को भी सजाने की योजना है। रामनगरी के संत-धर्माचार्य इस बार रामजन्मोत्सव को लेकर उत्साहित है। मुख्य मार्ग से लेकर गलियां सजाई जा रही हैं।
मठ-मंदिरों को भी संत-धर्माचार्यों द्वारा सजाया जा रहा है। मणिरामदास की छावनी के उत्तराधिकारी महंत कमलनयन दास ने कहा कि रामजन्मभूमि के रजकण की तरह से रामजन्मोत्सव का प्रसाद भी पूरे देश में घर-घर बांटा जाना चाहिए।
नाका हनुमानगढ़ी के महंत रामदास बोले कि पहली बार हम सभी रामलला के भव्य जन्मोत्सव के साक्षी बनेंगे। इसलिए अयोध्या के हर घर में उत्सव की तैयारी है।
महंत डॉ.भरत दास ने कहा कि रामजन्मोत्सव का प्रसाद घर-घर तक पहुंचे ट्रस्ट को इसकी योजना बनानी चाहिए। राममंदिर निर्माण के चलते रामलला का यह जन्मोत्सव न सिर्फ खास है बल्कि उत्साहित करने वाला है।