अयोध्या। लाख जागरूकता के बाद भी लोग यातायात नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं। शहर के किसी भी चौक-चौराहे, गली-मोहल्ले व हाईवे पर आपको बिना हेलमेट लगाए व ट्रिपलिंग कर रहे बाइक सवार व बिना सीट बेल्ट लगाए वाहन चालक फर्राटा भरते दिखाई पड़ जाएंगे।
शहर की यातायात व्यवस्था को मजबूत करने के लिए दर्जन भर चौराहों पर ट्रैफिक लाइट्स लगाई गईं हैं। बाइक चालक ही नहीं चार पहिया वाहन चालक भी रेड लाइट की परवाह किए बिना आराम से आ-जा रहे हैं।
यातायात नियमों का पालन कराने के लिए परिवहन विभाग व यातायात पुलिस द्वारा अभियान चलाकर कार्रवाई की जाती है। साथ ही समय-समय पर यातायात जागरूकता माह व सप्ताह का आयोजन कर लोगों को जागरूक किया जाता है।
इसके बाद भी लोग नियमों का पालन करने को तैयार नहीं हैं। बिना हेलमेट बाइक चलाना लोगों की आदत में शामिल है। वहीं कार में सीट बेल्ट के नाम पर खानापूर्ति ही पूरी की जा रही है। इससे यातायात सुरक्षा को लेकर चलाए जा रहे अभियानों पर भी प्रश्न चिह्न लग रहे हैं।
शहर के रिकाबगंज, सिविल लाइन, चौक, फतेहगंज, रीडगंज, मोदहा, नाका, नियावां, साहबगंज, देवकाली, सहादतगंज समेत अयोध्या के हनुमानगढ़ी चौराहा, शृंगार हाट, नयाघाट समेत ग्रामीण इलाकों में सुबह से ही वाहनों के आवागमन के बीच नियमों का मखौल उड़ाकर दो व चार पहिया वाहन फर्राटा भरते वाहन व्यवस्था को मुंह चिढ़ाते दिखते हैं।
युवा नियमों की अनदेखी सबसे ज्यादा कर रहे हैं। स्कूल-कॉलेजों के अधिकतर युवा हेलमेट लगाना तौहीन समझते हैं। यहां तक स्कूटी सवार लड़कियां भी अपनी जान की परवाह नहीं करतीं हैं। वहीं, सड़कों का यह हाल है कि कही भी कोई उन्हें रोकने-टोकने वाला नहीं है।
शहर के सबसे प्रमुख इलाके सिविल लाइंस में पहली बार ट्रैफिक लाइट लगाई गई है। यहां यातायात पुलिसकर्मियों की तैनाती नहीं है। सिग्नल चाहे जो हो, लोग अपने हिसाब से आ रहे हैं। रेड लाइट का पालन नहीं किया जाता है।
जान बचाने वाले हेलमेट को लगाना वाहन चालक अपनी तौहीन समझ रहे हैं। खासकर युवा व स्कूल छात्र आपको बिना हेलमेट फर्राटा भरते दिख सकते हैं। रीडगंज ओवरब्रिज पर बिना हेलमेट लगाए जाते दोपहिया चालक।
चौक-चौराहों व भीड़भाड़ वाले इलाके में लोग पुलिस के डर के बिना ट्रिपलिंग करते दिखाई पड़ते हैं। इनमें पुलिसकर्मी भी पीछे नहीं है। नाका मकबरा इलाके में एक बाइक पर महिला पुलिसकर्मी समेत तीन लोग फर्राटा भरते दिखाई पड़े।
सीओ यातायात राजेश तिवारी ने बताया कि यातायात नियमों का पालन कराने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर रोजाना कार्रवाई की जाती है। लोगों को यातायात नियमों के पालन करने की आदत डालनी होगी।
परिवहन विभाग द्वारा सोमवार को चतुर्थ सड़क सुरक्षा सप्ताह का शुभारंभ किया गया। इस मौके पर सड़क जागरूकता प्रचार वाहन को सदर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने रवाना किया।
इस दौरान परिवहन कार्यालय के सभागार में संगोष्ठी का आयोजन भी किया गया। जिसमें ट्रक, टैंपो-टैक्सी एसोसिएशन के पदाधिकारी व बस चालकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया गया।
आरटीओ प्रशासन संजय सिंह ने बताया कि एक सप्ताह तक चलने वाले जागरूकता अभियान में प्रतिदिन अलग-अलग तरीके से लोगों को यातायात नियमों की जानकारी देकर उन्हें इन नियमों का पालन करने की अपील की जाएगी।
इस मौके पर आरटीओ प्रवर्तन शिखर ओझा, एआरटीओ राजेश प्रताप सिंह, यात्री कर अधिकारी संदीप चौधरी व खुर्शीद अहमद समेत संभागीय परिवहन विभाग के समस्त कर्मचारी मौजूद रहे।
यातायात नियम हमारी व आपकी सुरक्षा के लिए हैं। आम व खास आदमी का कर्तव्य है कि वह सड़क पर वाहन चलाते इन नियमों का पालन करें। पालन न करने वालों के खिलाफ परिवहन विभाग, यातायात पुलिस को कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए।- प्रो.अजय प्रताप सिंह, मुख्य नियंता अवध विश्वविद्यालय।
हेलमेट लगाना, कम उम्र व बिना लाइसेंस गाड़ी न चलाना, सीट बेल्ट लगाना, दोपहिया वाहन पर तीन लोगों को सवारी न करना आदि यातायात नियम है। ये नियम इसलिए बनाए गए हैं, ताकि सड़क दुर्घटनाओं को रोका जा सके। हमें इसका पालन करना चाहिए।- विशाल श्रीवास्तव, अधिवक्ता।
अक्सर देखा जाता है कि कुछ लोग बाइक पर पूरे परिवार को ही बिठा लेते हैं। ऐसा कर हम खुद व परिवार की सुरक्षा के साथ औरों की सुरक्षा से खिलवाड़ कर रहे हैं। यातायात नियम सुरक्षित यात्रा के लिए है, इसका पालन कर हम अपनी व दूसरों की जान बचा सकते हैं।- नीरा कपूर, डायरेक्टर प्ले वे स्कूल।
सुरक्षित यात्रा करने के लिए यातायात नियमों का पालन करना चाहिए। नियमों को नहीं तोड़ें। हेलमेट व सीट बेल्ट लगाने को अपनी आदत में शामिल करें। बच्चों को बालिग होने पर ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के बाद ही उनके हाथों में वाहनों की चाभी सौंपे।-रविकांत तिवारी, समाजसेवी