अयोध्या। पीसीएस परीक्षा के शुक्रवार को घोषित हुए परिणामों में अयोध्या की बेटियों ने अपना परचम लहराया है। रुदौली की मोनी, हैरिंग्टनगंज की प्रज्ञा, पूरा की रूपाली ने अधिकारी बन अपने परिवार के साथ ही जिले का नाम रोशन किया है। वहीं रुदौली के अध्यापक के बेटे मो. फहीम ने डीएसपी बनने में कामयाबी पाई।
आईएएस अधिकारी बन देशसेवा करना है लक्ष्य : मोनी
भेलसर। रुदौली ब्लॉक के मुजफ्फरपुर निवासी मोनी शुक्ला पुत्री प्रेमनाथ शुक्ल ने पीसीएस अफसर बन जिले का नाम रोशन किया। बेटी की सफलता से उनका पूरा परिवार खुश है। बधाई देने वालों का घर में तांता लगा है। मोनी अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता व अध्यापकों सहित परिवार वालों को देती हैं। उन्होंने रुदौली नगर के नंदकिशोर स्कूल से इंटर व शिव सावित्री महाविद्यालय से शिक्षा ग्रहण करने के बाद इलाहाबाद में पढ़ाई के साथ ही कोचिंग भी की। मोनी कहतीं हैं कि उनका सपना आईएएस अधिकारी बन देशसेवा करने का है। पिता प्रेमनाथ शुक्ल कहते हैं कि बेटी की सफलता से उनका सिर गर्व से ऊंचा हो गया है।
स्वामी विवेकानंद को अपना आदर्श मानती हैं रूपाली
पूरा बाजार। विकासखंड पूरा बाजार के ग्राम सनेथू निवासी रूपाली श्रीवास्तव का चयन वाणिज्य कर अधिकारी के पद पर हुआ है। रूपाली वर्तमान में मवई ब्लॉक में सहायक अध्यापक पद पर 2018 से कार्यरत हैं। उन्होंने कहा कि मेरी मां रत्ना श्रीवास्तव व पिता राजेश कुमार श्रीवास्तव ने सदैव मेरा मनोबल बढ़ाया और उन्हीं लोगों के आशीर्वाद से आज ये सफलता मिली है। रूपाली स्वामी विवेकानंद को अपना आदर्श मानती हैं, साथ ही लेखन में रुचि रखती हैं। उन्होंने कहा कि मेरा लक्ष्य आईएएस अधिकारी बनना है।
प्रज्ञा को दूसरे प्रयास में मिली कामयाबी
अयोध्या। पिता के नक्शे कदम पर चलते हुए बिटिया प्रज्ञा पांडेय ने डिप्टी कलेक्टर बनकर जिले का नाम रोशन किया है। ये सफलता उन्हें दूसरे प्रयास में मिली है। मिल्कीपुर तहसील के हैरिंग्टनगंज ब्लॉक के रेवना तुलापुर की रहने वाली प्रज्ञा पांडेय को यूपी पीसीएस 2018 की परीक्षा में 45वीं रैंक मिली है। उन्होंने हाईस्कूल और इंटर की शिक्षा एसजेएस पब्लिक स्कूल रायबरेली और ग्रेजुएशन मदन मोहन मालवीय इंजीनियरिंग कॉलेज गोरखपुर से किया है। प्रज्ञा ने लखनऊ में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर शानदार सफलता हासिल की।
प्रतियोगी छात्रों के लिए प्रज्ञा का कहना है कि धैर्य रखते हुए सही दिशा में प्रयास किया जाए तो सफलता अवश्य मिलेगी। प्रज्ञा के पिता स्व. जयप्रकाश पांडेय 1999 बैच के पीपीएस अधिकारी थे, वर्ष 2016 में 33वीं वाहिनी पीएसी में डिप्टी कमांडेंट के पद पर रहते हुए उनका बीमारी से निधन हो गया था। प्रज्ञा अपनी सफलता का श्रेय स्वर्गीय पिता, मां सरोज पांडेय, दोनों भाइयों, ताऊ मिल्कीपुर तहसील के अधिवक्ता सुभाष चंद्र पांडेय, शरद पांडेय, चाचा हरिश्चंद्र पांडेय व गुरुजनों को देती हैं।
माता-पिता के भरोसे पर खरा उतरा : फहीम
मवई। मवई ब्लॉक के माजनपुर गांव के रहने वाले अध्यापक मो. कलीम के बेटे मो. फहीम कुरैशी का डीएसपी पद पर चयन हुआ है। उन्हें यूपी पीसीएस में 52वी रैंक हासिल हुई है। फहीम ने कहा कि सफलता के पीछे माता-पिता का अहम योगदान है। उन्होंने मुझ पर जो भरोसा किया, उससे मुकाम हासिल करने में बड़ी मदद मिली। फहीम ने मवई के आदर्श ग्रामीण शांति निकेतन से प्रारंभिक शिक्षा के बाद आदर्श इंटर कॉलेज रुदौली से इंटर पास किया और फिर सन 2012 में गौतम बुद्ध टेक्निकल यूनिवर्सिटी गाजियाबाद से बीटेक किया। इसके बाद इंजीनियरिंग करके तीन वर्ष तक गुड़गांव में प्राइवेट नौकरी की। फिर सिविल सेवा की तैयारी कर सफलता हासिल की।