पहले गांव की ही लड़की से प्रेम विवाह किया, फिर दहेज की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित किया जाने लगा। इससे तंग आकर विवाहिता ने जहरीला पदार्थ खा लिया, जिससे उसकी मौत हो गई। मामले में अदालत ने पति, सास व ससुर को आत्महत्या के लिए उकसाने का दोषी पाते हुए जेल भेज दिया। सजा के प्रश्न पर सुनवाई 16 जुलाई को होगी। यह फैसला अपर जिला जज जगदीश प्रसाद की अदालत से मंगलवार को हुआ।
सालिकराम निवासी अल्पी का पुरवा मजरे ऊंचगांव रुहियावां ने रिपोर्ट लिखाई थी। इसमें आरोप था कि उसकी पुत्री संगीता ने गांव के ही राम सूरत से फरवरी 2011 में प्रेम विवाह किया था। पहले तो सब ठीक रहा और एक बच्चा भी हुआ। फिर ससुराल वाले उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे।
घटना 10 दिसंबर 2012 की है। ससुराल वाले संगीता को मारपीट कर घर से निकाल रहे थे। वह नहीं निकली तो कहा कि जाकर जहर खा लो। संगीता ने जहरीला पदार्थ खा लिया। जानकारी होने पर उसके मायके वाले आए। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां दो घंटे बाद उसकी मौत हो गई।
इसकी रिपोर्ट पति रामसूरत, ससुर बुधिराम, व सास फुलेसरा के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने व साक्ष्य छिपाने की धारा में लिखाई गई थी। सुनवाई के बाद अदालत नें मंगलवार को फैसला सुनाया।