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सरकारी अस्पाताल में घर की खटिया पर इलाज

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उर्दू मोहल्ला स्वास्थ्य केंद्र पर खाली पड़ी डाक्टर की कुर्सी। संवाद - फोटो : ETAWAH
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चकरनगर (इटावा)। गर्मी में बढ़ी मरीजों की संख्या ने बीहड़ क्षेत्र के अस्पतालों की व्यवस्था चरमरा दी है। हनुमंतपुरा पीएचसी में बेड़ कम पड़ने से घर की खटिया पर मरीजों का इलाज किया जा रहा है। डॉक्टर के न आने पर वार्ड ब्वाय इंजेक्शन, ग्लूकोज से लेकर दवा देने तक का काम कर रहा है।
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रविवार को सुबह 9: 35 बजे मैदान में पड़ी घर की खटिया (चारपाई) पर लिटाकर मरीजों को ग्लूकोस चढ़ाया जा रहा था। कैमरे देखकर वार्ड ब्वाय ने ग्लूकोज की बोतलों से निडिल निकालकर मरीजों को खड़ा कर दिया।
सहसों गांव निवासी मरीज सोबरन सिंह राजावत, चंद्रहंसपुरा की खुशबू देवी, मालती देवी, रानीपुरा की उमादेवी, अजीत की गढिया गांव की पूजा देवी ने बताया कि उल्टी, दस्त और बुखार की शिकायत है। सुबह ही अस्पताल में आए हैं। वार्ड ब्वाय ने इंजेक्शन लगाने के बाद ग्लूकोज की बोतल लगा दी। बेड खाली नहीं हैं, इसलिए घर से खटियां मंगाकर अस्पताल प्रशासन मरीजों को इलाज दे रहा है। मरीजों का कहना था कि प्राइवेट अस्पतालों में इलाज बहुत ज्यादा महंगा है। यहां हमें अच्छा और सस्ता इलाज मिल रहा है।
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शिव नरेश दुबे ने पैर में चोट की ड्रेसिंग कराने और दवा लेने आए थे। उन्होंने बताया कि अस्पताल नियमित खुलता है लेकिन डॉक्टर कभी कभी ही आते हैं। वार्ड ब्वाय मरीजों का इलाज करता है। सीताराम, जानकी देवी, विकलांग अजय ने बताया कि वार्ड बॉय ने उपचार किया है। बीमार होने पर यहीं आ जाते हैं।
वार्ड ब्वाय बृजेश कुमार ने बताया कि डॉक्टर राजेश यादव सरकारी कार्य से बाहर गए हैं। इस समय मरीज अधिक आ रहे हैं। बेड कम होने और गर्मी होने से खुले में चारपाई डाल दी है।
पिपरौली गढ़िया पीएचसी में 10:38 बजे पहुंचे डॉक्टर
सुबह करीब 10:30 बजे सफाईकर्मी पिपरौली गढ़िया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलकर बैठीं थीं। बंसरी गांव की निशा देवी बीमार बच्चे को लेकर पहुंचीं। मनोज कुमारी भी त्वचा रोग की समस्या लेकर पहुंचीं थीं। 10:38 बजे डॉ आशीष कुमार अस्पताल पहुंचे। उन्होंने बताया कि जाम में फंसने की वजह से लेट हो गए हैं।
वर्जन
हनुमंतपुरा पीएचसी पर डॉक्टर क्यों नहीं पहुंचे इसकी जांच कराएंगे। खटिया डालकर उपचार देने की भी जांच कराई जाएगी।
-डॉ. भगवान दास, सीएमओ

हनुमंतपुरा सीएचसी के बाहर खटिया पर बोतल लगवाए मरीज। संवाद- फोटो : ETAWAH

हनुमंतपुरा पीएचसी में डाक्टर की खाली पड़ी कुर्सी। संवाद- फोटो : ETAWAH

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