इटावा। 11 से 14 जुलाई तक बस से दिल्ली, आगरा, कानपुर और फर्रुखाबाद रूट पर सफर करने की योजना बना रहे हैं तो फिलहाल टाल दें। इन रूटों की ज्यादातर बसें चार दिन के लिए गोवर्धन मेले में भेजी जा रहीं हैं, इसलिए यात्रा मुश्किल भरी हो सकती है। परिवहन विभाग के अधिकारी फेरे बढ़ाने की बात कह रहे हैं लेकिन यात्रियों की संख्या को देखते हुए समस्या से निजात की संभावना कम ही है।
मथुरा जिले के गोवर्धन में कोरोना के कारण दो वर्ष बाद मुड़िया मेले का आयोजन होने जा रहा है। इससे अधिक श्रद्धालुओं के जाने की संभावना है। इसे देखते हुए इटावा डिपो की 83 में 25 और सैफई डिपो की 20 में पांच बसें मेले में लगा दी गई हैं। ये बसें 11 जुलाई से बसें मथुरा भेज दी जाएंगी। मथुरा भेजी जाने वाली बसें में ज्यादातर दिल्ली, कानपुर और फर्रुखाबाद रूट की हैं। चार दिन इन तीन रूट के यात्रियों को आने जाने में दिक्कत का सामना करना पड़ेगा।
आठ डिपो से जाएंगे बसें
क्षेत्रीय प्रबंधक बीपी अग्रवाल ने बताया कि इटावा डिपो से 25, सैफई डिपो पांच, औरैया डिपो से 25, बेवर डिपो से 14, छिबरामऊ डिपो से आठ, मैनपुरी डिपो से 19, शिकोहाबाद डिपो से 24 बसें मथुरा भेजी जा रहीं हैं।
बड़े रूटों पर फेरे बढ़ाएंगे
क्षेत्रीय प्रबंधक बीपी अग्रवाल ने कहा कि दिल्ली, आगरा, कानुपर और फर्रुखाबाद रूट की बसों को मेले में भेजा जा रहा है। छोटे रूटों पर चलने वाली बसें वैसे ही चलती रहेंगी। बड़े रूटों पर फेरे बढ़ाए जाएंगे, ताकि यात्रियों को दिक्कत न हो।