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बारिश से फसलों को संजीवनी

Sat, 08 Aug 2015 10:59 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, इटावा
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बारिश से खेतों में सूखती फसल को संजीवनी मिली है। कल तक मुरझाने वाली फसल अब लहलहा उठी है। किसानों के भी चेहरे खिल उठे हैं।
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हालांकि अभी तक हुई बारिश को फसल के हिसाब से कम ही माना जा रहा है, लेकिन आसमान में मंडराते काले बादलों से और बारिश होने की उम्मीद बांधे हुए किसान बैठे हुए हैं। शुक्रवार से लेकर शनिवार की शाम तक जिले में कुल 68 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई।

जिले में अब तक सामान्य बारिश नहीं हुई है। जुलाई माह में सामान्य बारिश 221 मिलीमीटर की तुलना में सिर्फ 121.22 मिलीमीटर बारिश ही हुई है। बारिश कम होने से खेतों में खड़ी फसल सूख रही थी। सबसे ज्यादा संकट के बादल धान की फसल पर ही मंडरा रहे थे। शुक्रवार से हुई बारिश से किसानों के मुरझाए चेहरे खिल उठे हैं।
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साथ ही खेतों में खड़ी फसलों में भी जान दौड़ गई है। शनिवार को भी दोपहर के समय करीब डेढ़ घंटे तक तेज बारिश हुई। शुक्रवार से लेकर शनिवार की शाम पांच बजे तक जिले में 68 एमएम बारिश दर्ज की गई। वहीं आसमान में काले बदलों की दस्तक बनी हुई थी। इससे उम्मीद की जा रही थी कि अभी बारिश और होगी।

किसानों का कहना है कि मौजूदा समय में फसलों को पानी की काफी जरूरत है। बारिश न होने से फसलों को नुकसान हो रहा था। आसमान में छाये काले बादलों से उम्मीद बनी हुई है कि जिले में अभी और बारिश होगी।

कम से कम तीन चार दिन इसी तरह की बारिश और हो जाए तो जमीन की गर्मी शांत होगी और यह धान की फसल की काफी मुफीद भी साबित होगी।  दो दिन ठीकठाक बारिश होने के बाद भी गर्मी के तेवर नरम नहीं पड़े हैं।

तापमान में भले ही गिरावट आई है, लेकिन उसम भरी गर्मी लोगों को बेहाल किए हुए है। शनिवार को न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया तो वहीं अधिकतम तापमान 30.8 डिग्री सेल्सियस रहा।

दूसरी ओर बारिश से शहर के कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई। सड़कों पर कीचड़ रहा। इससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं इटावा-सैफई मार्ग पर मैनपुरी क्रासिंग पर बने अंडरब्रिज में पानी भरने से यातायात प्रभावित रहा। 

जसवंतनगर प्रतिनिधि के अनुसार, काफी इंतजार के बाद शनिवार को क्षेत्र में झमाझम बारिश होने से किसानों में खुशी की लहर देखी गई। वहीं दूसरी ओर कस्बे के कई मोहल्लों में गलियों मे पानी भरने से कई लोग घरों में कैद होकर रह गए। शनिवार की दोपहर झमाझम बारिश देख लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई।
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क्षेत्रीय किसानों का कहना है कि इससे खेतों को नमी मिलेगी जो फसल के लिए फायदेमंद होगी। दूसरी ओर कई मोहल्लों में जलभराव की स्थिति भी देखी गई। रामलीला रोड तथा कोठी कैस्त मोहल्लों मे चारो ओर पानी ही पानी दिखाई दे रहा था।
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