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पुल तैयार, पर संपर्क मार्ग नहीं बन सका

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इटावा/चकरनगर। विधानसभा चुनावों की अधिसूचना जारी होने से पहले पीडब्ल्यूडी और सेतु निगम के कार्यों का शिलान्यास और उद्घाटन दो दिन पहले डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने वर्चुअली किया, लेकिन इटावा अछूता रहा।
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जिले में सेतु निगम के यमुना और चंबल नदी पर दो बड़े पुल बन रहे हैं। छह साल हो गए इन पुलों का निर्माण पूरा नहीं हो सका। समय से बजट आवंटित न होने से भी काम अधूरा पड़ा है।
चकरनगर क्षेत्र के महुआ सूंडा, बंसरी गांव के बीच चंबल नदी पर पुल का निर्माण धीमी गति से होने से नहीं बन सका है। पुल के निर्माण से क्षेत्र के 100 गांव आगरा-कानपुर व बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से जुड़ जाएंगे।
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क्षेत्र लोगों को आवागमन में बड़े पैमाने पर सहूलियत होगी। कार्यदायी संस्था के मुताबिक, पुल का काम अंतिम चरणों में है। पचनद संगम के पुल के निर्माण से श्रद्धालुओं को आवागमन में सुगमता हो जाएगी।
100 से अधिक गांव आगरा-कानपुर सिक्सलेन व बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से पचनद होते हुए जुड़ जाएंगे। कानपुर की ओर जाने वाले लोगों के लिए सिकरोड़ी होते हुए जाने पर 70 से 80 किमी की दूरी कम तय करनी होगी।
बीहड़ क्षेत्र में सुदूर कस्बों में स्थित स्कूल आने-जाने में भी सुगमता हो जाएगी। तत्कालीन सपा सरकार ने वर्ष 2013 में 56 करोड़ की लागत से पुल के निर्माण की मंजूरी दी थी। वर्ष 2016 में निर्माण कार्य शुरू हुआ।
जनवरी 2022 में पूरा होना था, लेकिन अभी तक विभागीय शिथिलता से पुल का निर्माण कार्य अधूरा पड़ा हुआ है। निर्माणाधीन पुल में चौथे पिलर की स्लैप तैयार की जा रही है। प्रोजेक्ट मैनेजर केसर मसूद अंसारी बताते हैं कि पुल का निर्माण कार्य 96 फीसदी पूरा चुका है।
तीन माह के अंदर निर्माण कार्य पूर्ण हो जाएगा। बाढ़ आने से पुल के निर्माण कार्य में समस्या आ गई थी। पीडब्ल्यूडी के जेई गगन पाल बताते हैं कि संपर्क मार्ग का काम निरंतर किया जा रहा है, पुल का निर्माण कार्य पूर्ण होने से पहले ही दोनों तरफ संपर्क मार्ग तैयार हो जाएगा।
बजट खत्म, एक सप्ताह से काम पड़ा बंद
लवेदी। कंधेशी और बहादुरपुर मार्ग पर यमुना नदी का पुल बनकर एक साल से तैयार है, लेकिन पुल से कंधेशीघार गांव के लिए पुल से जोड़ने वाले संपर्क मार्ग का काम बजट के अभाव में रुक गया है।
फिलहाल पीडब्ल्यूडी पुल के पास बोल्डर का काम कराने में जुटा हुआ है। वहां भी दो किसानों ने मुआवजा न मिलने के कारण काम रुकवा दिया। यमुना नदी पर पुल तैयार करके सेतु निगम ने पुल के दोनों ओर संपर्क स्लिप डालने की तैयारी शुरू कर दी है।
मिट्टी को दबाने के बाद काम रोका
लवेदी। पीडब्ल्यूडी ने कंधेशीघार गांव की ओर करीब 800 मीटर की सड़क बनाने के लिए गिट्टी, डस्ट, पत्थर बिछा दिया है। पोकलैंड, रोलर को चलाकर मिट्टी दबाने का काम करके छोड़ दिया है।
वहीं पुल के पास अब बोल्डर का काम किया जा रहा है। जिसमें 120 मीटर का काम कर दिया गया है। साथ ही अब बजट का अभाव भी बताया गया है। फिलहाल एक सप्ताह से काम बंद है, क्योंकि दो किसानों ने उचित मुआवजा न मिलने पर विरोध जताया है।
किसानों की जगह की नापजोख के लिए चकरनगर तहसील में लिखित प्रार्थनापत्र दिया गया है। नापजोख के बाद बोल्डर का काम शुरू हो सकेगा। शासन से मिला पिछला बजट खत्म हो गया है। बजट की डिमांड डेढ़ करोड़ की भेजी गई है। बजट आने के बाद सड़क निर्माण हो सकेगा।
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- गगन पाल, सहायक अभियंता, पीडब्ल्यूडी
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