हिंदू महासभा के कार्यकारी अध्यक्ष कमलेश तिवारी के बयान से गुस्साए मुस्लिम समाज के लोग मंगलवार को सड़कों पर उतर आए। पचराहे पर बड़ी संख्या में लोगों ने एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन किया और जमकर नारेबाजी की। कमलेश तिवारी के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग की।
विरोध प्रदर्शन तन्जीम अइम्मा व उलेमा के आह्वान पर किया गया।नगर के विभिन्न मोहल्लों से टोलियों और समूह के रूप में नारे लगाते हुये युवा और बुजुर्ग स्थानीय पचराहे पर एकत्र हुए। इस अवसर पर हुई सभा को संबोधित करते हुए संयोजक मौलाना तारिक़ शम्सी ने कहा कि इस बयान से इंसाफ पसंद लोगों की भावनाएं आहत हुईं हैं।
मौलाना अब्दुल हन्नान ने कहा कि पैग़ंबरे इस्लाम हजरत मुहम्मद सल्लल्लाहो अलैहि वसल्लम से मुहब्बत हमारे ईमान की अलामत है। आपकी शान में छोटी सी गुस्ताखी को भी माफ नहीं किया जा सकता। मुसलमान पैग़म्बरे इस्लाम की आन, बान और शान के लिए किसी भी कुरबानी के लिए तैयार हैं।
मौलाना वसीम कासमी ने कहा कि अरसे से हमारी भावनाओं से खिलवाड़ करके हमारे संवैधानिक अधिकारों का हनन हो रहा। मौलाना आतिफ रहमानी ने इस संगठन पर प्रतिबंध लगाने की मांग करते हुए कहा कि मुसलमानों के खिलाफ नफरत फैलाने वाले संगठन और व्यक्ति विदेशी ताकतों के एजेंट हैं।
इनकी जांच की जानी चाहिए। इस अवसर मौलाना हामिद अख्तर साहब तथा उलेमा व अइम्मा मसाजिद के नेतृत्व में राष्ट्रपति तथा राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट रजनीश राय को सौंपा गया। इस मौके पर मौलाना मो तारिक़ शम्सी, मौलाना मो वसीम, मौलाना मो आतिफ, मौलाना अब्दुल हन्नान, कलीम वारसी आदि मौजूद थे।
उधर, भारतीय हिंदू महासभा के अध्यक्ष के बयान को लेकर मंगलवार को शहर के तमाम उलमा, मस्जिदों के इमाम व लोगों ने पचराहा पर एकत्र होकर अपने गुस्से का इजहार किया। इस मौके पर हजरत मौलाना हाफिज कारी अलहाज मुहम्मद कमालुददीन अशरफी की अध्यक्षता में हुई बैठक में कमलेश तिवारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई।