भिंड और बाह बटेश्वर रेल लाइन पर अन्य ट्रेनों का संचालन शुरू होने में अभी और समय लगेगा। ट्रैक पर आमदनी के हिसाब से ही गाड़ियों को बढ़ाया जाएगा। ये बात इटावा स्टेशन का निरीक्षण करने पहुंचे मुख्य संरक्षा अधिकारी एमपी सिंह के साथ एडीआरएम एके द्विवेदी ने कही।
मुख्य संरक्षा अधिकारी एमपी सिंह व एडीआरएम एके द्विवेदी शनिवार सुबह 11 बजकर 25 मिनट पर स्पेशल ट्रेन से पहुंचे स्टेशन पहुंचे। उन्होंने स्टेशन मास्टर कक्ष में उपकरण देखे। पोर्टर अमृतलाल से स्टे करने वाली ट्रेनों में लगाए जाने वाले लॉक के बारे में जानकारी ली। यहां लगे ब्लाक इंस्ट्रूमेंट, फायर सिस्टम, सिगभनल प्रणाली को बारीकी से देखा। इसके बाद वह प्लेटफार्म पहुंचे तो यात्रियों ने स्टेशन पर हमेशा गंदगी रहने की शिकायत की। एडीआरएम श्री द्विवेदी ने स्टेशन अधीक्षक आरके त्रिपाठी व सीएमआई मुकेश मणि से जानकारी ली तो सफाई कर्मियों की कमी की बात सामने आई। इसके साथ ही इंप्रेस्ड राशि से वेटिंग रूम, वीआईपी कक्ष आदि की ही सफाई हो पाने की बात कही। इसपर डीआरएम ने इंप्रेस्ड राशि बढ़ाकर 10 से 20 हजार रुपये करने जाने का प्रस्ताव देने को कहा। इसे तुरंत स्वीकार करने की बात कही।
एडीआरएम श्री द्विवेदी ने बताया कि जयपुर-मथुरा एक्सप्रेस को इटावा से बाह रूट पर डायवर्ट करने की तैयारी चल रही है। इसका प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा जा चुका है। संभावना है कि इस ट्रेन का इटावा स्टेशन पर स्टॉपेज हो जाएगा। जिसके बाद शहर से मथुरा जाने के लिए ये ट्रेन इटावा स्टेशन को मिल सकेगी। इसके साथ ही भिंड लाइन पर ट्रेनें बढ़ाए जाने के सवाल पर श्री द्विवेदी ने कहा कि पूर्व से इस ट्रैक पर चल रही पैसेंजर ट्रेन से जो आमदनी आ रही है उससे ऐसा नहीं लग रहा है कि ट्रैक पर अभी यात्रियों की ज्यादा भीड़ है। आमदनी और यात्रियों की संख्या बढ़ने पर रेलवे इसपर विचार करेगी। निरीक्षण टीम में सीनियर डीओएम एमपी दुबे, सीनियर डीइएन केआर चौधरी, डीटीएम शिवम शर्मा, एसी अलीगढ़ पीसी पंजाबी आदि शामिल रहे।
एसएस को फटकार लगाई
इटावा। स्टेशन मास्टर कक्ष में निरीक्षण कर रहे मुख्य संरक्षा अधिकारी श्री सिंह ने जब एसआई-4 व एसएमसी रजिस्टर मांगा तो स्टेशन अधीक्षक सहित अन्य कर्मचारी रजिस्टर ढ़ूंढ़ने में लग गए। इस पर अधिकारियों ने स्टेशन अधीक्षक को खूब फटकार लगाई।
सिगभनल केबल करें अंडरग्राउंड
इटावा। एडीआरएम श्री द्विवेदी ने निरीक्षण में पाया कि एसएम कक्ष में सिगभनल की केबलें ऊपर ही दिख रही ंहैं। ये देख एडीआरएम ने सीनियर डीएसटी से पूछताछ की। तुरंत ही केबलों को पूरी तरह से अंडरग्राउंड करने के निर्देश दिए। मुख्य संरक्षा अधिकारी एमपी सिंह ने रेलवे के सिगभनल विभाग के अधिकारियों से मैनपुरी लाइन पर जल्द सिगभनल व्यवस्था को चालू करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उक्त लाइन पर अभी भी पेपर लाइन क्लियर टिकट (पीएलसी) पर ट्रेन चल रही है।
अधिकारी नहीं करते सुनवाई
इटावा। स्टेशन अधीक्षक श्री त्रिपाठी ने एडीआरएम को बताया कि रेल क र्मियों के आवास जर्जर स्थिति में पहुंच गए हैं और बरसात में घरों की छतें टपकती हैं। मौके पर मौजूद अन्य रेल कर्मियों ने कहा कि सफाई कर्मी सिर्फ अधिकारियों के बंगलों की सफाई करते हैं। पेयजल संकट है। अधिकारी सुनवाई नहीं करते हैं।
अगले वर्ष लग जाएंगे कोच इंडीकेटर
इटावा। एडीआरएम एके द्विवेदी ने बताया कि इटावा ए श्रेणी के स्टेशनों में आता है। रेलवे सबसे पहले ए-1 श्रेणी के स्टेशनों को चमकाने का कार्य कर रही है। इसके बाद ए श्रेणी के स्टेशनों को भी नया लुक दिया जाएगा। अभी ए-1 श्रेणी के सभी स्टेशनों पर कोच इंडीकेटर लगाए जा रहे हैं। इसके बाद ए श्रेणी के स्टेशनों पर कोच इंडीकेटर लगाए जाएंगे। इसी प्रकार से ए-1 श्रेणी के स्टेशनों की सफाई व्यवस्था ठेके पर दी जा रही है। वर्ष 2018 में इटावा स्टेशन की भी सफाई ठेके पर शुरू हो जाएगी।